जम्मू। नरवाल में पकड़ी गई हेरोइन मामले में गिरफ्तार तीनों आरोपियों को आठ दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। वहीं इनको हेरोइन देने वाले और इनसे लेने वालों की तलाश में पुलिस ने कई जगहों पर छापे मारे हैं। पुलिस की कुछ टीमें अमृतसर भी गई हैं।
पकड़े गए आरोपियों ने अमृतसर के रहने वाले मामा नाम के व्यक्ति का नाम लिया है, जिसके कहने पर यह खेप ली गई। हालांकि बताया जा रहा है कि यह हेरोइन ड्रोन के जरिये पाकिस्तान से आई है। लेकिन यह पंजाब बार्डर से आई या जम्मू के किसी बार्डर से। इस पर अभी कोई भी पुलिस अधिकारी कुछ नहीं बोल रहा है।
मंगलवार को त्रिकुटा नगर पुलिस ने नरवाल इलाके में एक कार से तीन लोगों को गिरफ्तार किया था। इनके पास से 12 किलो हेरोइन और 11 लाख रुपये की नकदी बरामद हुई थी। गिरफ्तार तीनों आरोपी पंजाब के अमृतसर के हैं। इन्होंने जम्मू के नरवाल इलाके में हेरोइन की खेप किसी को देनी थी। लेकिन इससे पहले ही यह लोग गिरफ्तार कर लिए गए।
आतंकी कनेक्शन तलाशने में जुटी पुलिस
अमृतसर में पहले भी कई नशा तस्कर को पकड़ा गया है, जिनका आतंकियों के साथ कनेक्शन रहा है। हेरोइन की तस्करी कर आतंकियों के लिए पैसा जुटाया जाता है। दो दिन पहले ही राज्य जांच एजेंसी ने पंजाब के 3 लोगों के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दायर किया है। यह लोग आतंकियों के लिए फंड जमा करते थे। नरवाल में पकड़े तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ जारी है। आशंका है कि कहीं इनके पास से मिले 11 लाख रुपये टेरर फंडिंग का ही हिस्सा तो नहीं।
आतंकी संगठनों के पास पैसे की कमी
सूत्रों का कहना है कि पाकिस्तान में बैठे आतंकी संगठनों के पास पैसे की कमी है। आतंकी गतिविधियों को चलाने के लिए पैसा इकट्ठा करने के लिए हेरोइन की तस्करी करवाई जा रही है। आतंकी संगठन जेलों में बंद आतंकियों और नशा तस्करों के जरिये ऐसा कर रहे हैं। जेल में बैठे आतंकी और तस्कर मिलकर आतंकी गतिविधियों के लिए पैसा जुटा रहे हैं। ऐसा भी संभव है कि नरवाल में गिरफ्तार लोगों ने पंजाब की जेल में बंद किसी नशा तस्कर के कहने पर यह काम किया हो।