जम्मू। जम्मू-कश्मीर व लद्दाख हाईकोर्ट ने विशेष न्यायाधीश एसीबी के फैसले को बरकरार रखा है। इसमें आशु जॉली को ट्रैप मामले में बरी किया गया था। शिकायतकर्ता ने सतर्कता संगठन जम्मू में शिकायत दर्ज कराई थी कि वह इग्नू में एमएड कोर्स की छात्रा है। उसने चार बार अपना सिनॉप्सिस (सार) जमा कराया था। हर बार इसे खारिज कर दिया गया। उसने पूर्व गाइड मो. जुबैर कालेस को बदलवा लिया। आरोप है कि वर्तमान गाइड आशु जॉली, सहायक प्रोफेसर राजकीय कॉलेज कैनाल रोड जम्मू ने उसके सिनॉप्सिस को मंजूरी देने के लिए 10,000 रुपये की रिश्वत मांगी। जस्टिस राजेश ओसवाल की पीठ ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद पाया कि आरोपी पर आरोप साबित नहीं होते हैं। जेएनएफ