कोरोना महामारी के कारण स्थगित की गई 10 साल बाद होने वाली जनगणना 2023 में हो सकती है। इस संबंध में भारत के रजिस्ट्रार जनरल की तरफ से जम्मू कश्मीर समेत देश के सभी राज्यों को 31 दिसंबर 2022 के बाद जिलों, उपमंडलों और पुलिस स्टेशनों आदि की सीमाओं पर प्रतिबंध लगाने के दिशा निर्देश जारी किए गए हैं।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार जनगणना कार्यों के संचालन के लिए कम से कम तीन महीने पहले प्रशासनिक और पुलिस इकाइयों की सीमाओं के परिवर्तन में प्रतिबंध अनिवार्य रहता है। हालांकि जनगणना कब होगी इसके बारे में अभी कोई निश्चित तिथि निर्धारित नहीं की गई है।
जम्मू-कश्मीर के योजना, विकास और निगरानी विभाग के आयुक्त सचिव डॉ. राघव लंगर के अनुसार कोरोना महामारी की वजह से देश में दस साल बाद होने वाली वार्षिक जनगणना का कार्य लंबित पड़ा है। भारत के रजिस्ट्रार जनरल ने जम्मू-कश्मीर समेत देश के सभी राज्यों व प्रदेशों को 31 दिसंबर 2022 के बाद प्रशासनिक और पुलिस इकाइयों की सीमाओं में परिवर्तन नहीं करने को कहा है।
ऐसे में संभावना है कि अगले साल जनगणना हो सकती है। भारत के रजिस्ट्रार जनरल की तरफ से इस संबंध में फैसला लिया जाएगा। जम्मू कश्मीर में दिशा निर्देशों पर पूरी तरह से अमलीजामा पहनाने का काम किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि देश में वार्षिक जनगणना का कार्य 2021 में शुरू होना था लेकिन कोरोना महामारी के वजह से यह अब तक नहीं हो पाया है।