अमरनाथ यात्रा शुरू होने से एक सप्ताह पहले उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने वीरवार को यूनिफाइड कमांड की उच्च स्तरीय बैठक में यात्रा की सुरक्षा तैयारियों तथा श्रद्धालुओं को दी जाने वाली सुविधाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी कि श्रद्धालुओं को बेहतरीन सुविधाएं मिलनी चाहिए। साथ ही यह भी सुनिश्चित होना चाहिए कि उनकी सुरक्षा में किसी प्रकार की कमी न रहने पाए।
यात्रियों के लिए विभिन्न स्तरों पर सुविधाएं बढ़ाई
ऐसा माहौल सुनिश्चित होना चाहिए यात्री निर्भिक होकर यात्रा के लिए आएं। इस बार यात्रियों के लिए विभिन्न स्तरों पर सुविधाएं बढ़ाई गई हैं। बैठक में उप राज्यपाल ने जम्मू-कश्मीर पुलिस के साथ ही सेना, अर्धसैनिक बलों की ओर से सुरक्षा के संबंध में किए गए उपायों की समीक्षा की।
यात्रा मार्ग तथा कश्मीर के आधार शिविरों में सुरक्षा पर चर्चा
विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों की ओर से एलजी को सुरक्षा की तैयारियों के बाबत बताया गया। सूत्रों ने बताया कि जम्मू के भगवती नगर आधार शिविर से लेकर पूरे यात्रा मार्ग तथा कश्मीर के आधार शिविरों में सुरक्षा के लिए किए गए प्रबंधों के बारे में चर्चा हुई।
यात्री वाहनों को पूरे सुरक्षा घेरे में रखा जाएगा
ड्रोन से यात्रा मार्ग पर निगरानी करने के साथ ही यात्रियों की ट्रैकिंग के लिए अनिवार्य आरएफआईडी की भी जानकारी दी गई। यह भी बताया गया कि यात्री वाहनों को पूरे सुरक्षा घेरे में रखा जाएगा। बैठक में संचार सुविधा, स्वास्थ्य सेवाएं, अग्नि सुरक्षा, बिजली-पानी की आपूर्ति, मौसम पूर्वानुमान, लंगर प्रबंधन, स्वच्छता तथा आपदा प्रबंधन पर भी चर्चा हुई।
सरकार यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध
उप राज्यपाल ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ यात्रियों को पर्याप्त सुविधा मुहैया कराने की हिदायत दी। कहा कि सरकार यात्रियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध है। पिछले वर्षों की तुलना में इस बार यात्रा प्रबंधों में सुधार किया गया है।
किसी भी आपात स्थिति से निपटने के तैयार सुरक्षाबल तैयार
सभी आवश्यक सेवाओं ट्रैफिक प्रबंधन, स्वास्थ्य, संचार, बिजली-पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की है। ऊंचाई को ध्यान में रखते हुए ऑक्सीजन सिलिंडर, मेडिकल बेड, आपातकालीन व्यवस्था, डॉक्टर, नर्स आदि की पर्याप्त तैनाती की गई है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
श्राइन बोर्ड यात्रियों को करेगा जागरूक
श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के सीईओ नीतीश्वर कुमार ने बैठक में यात्रियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी दी। साथ ही यह भी बताया कि क्या करें और क्या न करें का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया। इसके अलावा मुख्य सचिव डॉ. अरुण कुमार मेहता तथा विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी मौजूद थे।
मॉक ड्रिल से जानी रेवले स्टेशन की सुरक्षा
सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील जम्मू रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा एजेंसियों ने वीरवार को मॉक ड्रिल किया। इस दौरान अमरनाथ यात्रा के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था भी जांची गई। वीरवार शाम को रेलवे पुलिस, सेना और आरपीएफ के साथ मिलकर रेलवे स्टेशन पर डॉग स्क्वायड की मदद से जम्मू रेलवे स्टेशन का चप्पा- चप्पा छाना। इस दौरान स्टेशन प्लेटफार्म, परिसर और ट्रैक का निरीक्षण किया और यात्री सामान की भी जांच की।