घाटी में लक्षित हत्याओं के विरोध में आम आदमी पार्टी ने शहर के डोगरा चौक में रविवार को प्रदर्शन किया। इस दौरान भाजपा और एलजी प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी आप कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच मामूली झड़प भी हुई। इसके बाद प्रदर्शनकारियों को बसों में पुलिस लाइन लाया गया। आम आदमी पार्टी के नेताओं ने कहा, घाटी में सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह विफल है।
आए दिन लक्षित हत्याएं इसका परिणाम है। लक्षित हत्याएं भारत सरकार द्वारा सामान्य स्थिति के झूठे दावों को बेनकाब कर रही हैं। घाटी में हर दिन आतंकियों द्वारा निर्दोष नागरिकों की हत्याएं की जा रही हैं। आप नेता महाराज कृष्ण योगी ने कहा कि सरकार कश्मीरी पंडितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल रही है। प्रदेश गंभीर सुरक्षा स्थिति का सामना कर रहा है। इसमें निर्दोष नागरिक आसान लक्ष्य बनाए जा रहे हैं।
आज कश्मीरी पंडित समुदाय सबसे ज्यादा पीड़ित है। घाटी में सामान्य स्थिति होने के झूठे दावे किए जा रहे हैं। आप नेता अमृत वट्टल ने कहा कि 1990 में भी कश्मीरी पंडितों की लक्षित हत्याएं हुई थीं, जिसके कारण लोगों को कश्मीर घाटी से पलायन करना पड़ा था। आप नेता टीएस टोनी ने कहा कि सरकार हर स्तर पर विफल रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने आप नेताओं और कार्यकर्ताओं पर बल प्रयोग किया।
लक्षित हत्याओं के विरोध में शिवसेना का प्रदर्शन
घाटी में लक्षित हत्याओं के विरोध में शिव सेना ने प्रदर्शन किया। शिव सेना जेएंडके इकाई के प्रमुख मनीष साहनी ने कहा, जम्मू कश्मीर प्रशासन कश्मीर में अमन बहाली, हिंदुओं एवं अल्पसंख्यकों की सुरक्षा करने में पूरी तरह से विफल साबित हुआ है। लगातार हो रही लक्षित हत्याओं ने यह साबित कर दिया है कि कश्मीर में आंतकवाद बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि कश्मीर में अमन बहाली कायम करने में नाकाम साबित हुए जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा को इस्तीफा देना चाहिए। साहनी ने कहा कि अल्पसंख्यकों पर लगातार हमले हो रहे हैं और उपराज्यपाल कश्मीर में शांती बहाली के खोखले दावे कर रहे हैं।
कश्मीर के साथ जम्मू संभाग में भी आतंकवादियों की नापाक हरकतें बढ़ती जा रही हैं। साहनी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लगभग तमाम महत्वपूर्ण एवं उच्च पदों पर भी बाहरी लोगों की तैनाती है। कश्मीर में शांती बहाली को लेकर इनकी कार्यशैली पूरी तरह से नाकाम साबित हुई है।
साहनी ने सरकार पर हिंदुओं एवं अल्पसंख्यकों को जबरन मौत के मुंह में धकेलने का आरोप भी लगाया है। पीड़ित परिवार के एक सदस्य को जम्मू में सरकारी नौकरी और 2 करोड़ की नकद सहायता देने की मांग की। इस मौके पर विकास बख्शी, राज सिंह, संजीव शर्मा, विशाल वर्मा, सचिव नरेश कुमार, शशिपाल और अन्य मौजूद रहे।
आतंकवादियों का समर्थन करने वालों की संपत्ति जब्त हो : डोगरा फ्रंट
कश्मीरी पंडित की हत्या के विरोध में डोगरा फ्रंट शिव सेना ने रानी पार्क में प्रदर्शन किया। फ्रंट के अध्यक्ष अशोक गुप्ता ने कहा कि घाटी में यूपी आधारित मॉडल को अपनाया जाए। आतंकवादियों को समर्थन देने वाले लोगों की संपत्ति को जब्त किया जाए और सजा दी जाए। हाल ही में जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने 36 पुलिस कर्मियों को बर्खास्त किया है जो भारत विरोधी गतिविधियों में शामिल थे। इस मौके पर आशीष, अभिषेक, प्रेम, बंटू, कालू, नरेश, बिल्ला, फौजी, विजय और अन्य मौजूद रहे।
कांग्रेस का नरवाल में प्रदर्शन
कश्मीर में लक्षित हत्याओं के खिलाफ रविवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नरवाल में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी हिस्सा लिया। प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष रमण भल्ला ने कहा कि कश्मीर में लक्षित हत्याओं को रोकने में सरकार नाकाम रही है। जम्मू कश्मीर में शांति के भाजपा सरकार के दावे पूरी तरह खोखले साबित हो रहे हैं। इस अवसर पर उदय सिंह चिब, नरेंद्र गुप्ता, जतिन वशष्ठि, जितेंद्र सिंह चिब, विजय सिंह चिब, मंदीप सिंह, गगन बराल, रिकी डलोत्रा, साहिल सिंह आदि भी मौजूद रहे।