सेना की ओर से ग्रामीणों की सहूलियत के लिए किया था स्थापित
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्यौड़ियां। सेना की ओर से ज्यौड़ियां और परगवाल के बीच चिनाब नदी पर बनाया गया अस्थायी प्लाटून पुल बढ़े जलस्तर के चलते बह गया है। इससे ग्रामीण मायूस हैं। साथ ही उन्होंने सेना से फिर जल्द पुल स्थापित करने की अपील की है, ताकि राहत मिल सके।
क्षेत्रवासियों की मांग पर सेना की इंजीनियर शाखा की तरफ से हर साल चिनाब दरिया पर प्लाटून का निर्माण किया जाता है। इस साल भी अस्थायी पुल बनाया गया था, जिससे खौड़, ज्यौड़ियां और परगवाल के लोगों की राह आसान हो गई थी। लेकिन सोमवार रात को पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश से चिनाब दरिया के बढ़े जलस्तर के चलते प्लाटून पुल बह गया। दो दिन पहले ही सेना की तरफ से ज्यौड़ियां के इंद्री गांव और परगवाल के बीच बनाय गया था।
ज्यौड़ियां बाजार के दुकानदार दीपक गुप्ता, मनजीत सिंह और राम कृष्ण ने बताया की अस्थायी पुल के निर्माण से लोगों को आवागमन की सुविधा मिली थी। साथ ही कारोबार में इजाफा हुआ था। क्योंकि परगवाल से ज्यौड़ियां बाजार में काफी संख्या में लोग खरीदारी के लिए पहुंचते हैं। बाजार में रौनक भी अधिक रहती है। इस मौके पर रॉकी गुप्ता और जगदीश सिंह ने बताया कि अस्थायी पुल बनने से दोनों तरफ के लोगों को 70 किलोमीटर का सफर नहीं करना पड़ता है। यह दूरी मात्र तीन किलोमीटर में सिमट जाती है। इस बारे में सेना के अनुसार जलस्तर कम होने पर फिर प्लाटून पुल कर निर्माण किया जाएगा।