जम्मू-पठानकोट नेशनल हाईवे किनारे केबल बिछाने के लिए की जा रही खुदाई के खिलाफ ने प्रदर्शन किया। रविवार को लोगेड़ मोड़ पर सड़क हादसे में मौत के लिए ग्रामीणों ने खुदाई के कार्य में बरती जा रही लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सड़क किनारे की जगह में खुदाई करने के बाद उसे भरा नहीं जा रहा, जिससे हादसे की आशंका बनी रहती है।
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व करते हुए पंच सतपाल चौधरी सहित लेखराज, रमेश लाल और प्रकाश चंद ने कहा कि जम्मू-पठानकोट नेशनल हाईवे के किनारे स्थित कच्ची सतह पर खुदाई की जा रही है। पांच से छह फुट गहराई तक खोदी गई नाली को कई दिनों तक भरा नहीं जाता।
ऐसे में हाईवे किनारे चलने की जगह भी नहीं बची है। रविवार को सड़क हादसा इसी वजह से हुआ। बाइक सवार को सड़क से नीचे उतरने की जगह ही नहीं मिल पाई, जिससे एक युवक को मौत के घाट उतरना पड़ा। उन्होंने कहा कि खुदाई का कार्य त्वरित रूप से निपटाया जाना चाहिए।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जब उन्होंने इस बाबत खुदाई करने वालों से पूछा, तो उन्होंने कहा कि खुदाई के बाद बाकायदा खुदाई की जांच की जाती है, जिसकी वजह से नाली को भरने में देरी होती है। ऐसे में निर्माण एजेंसी को अपने कार्य में तेजी लानी होगी अन्य ऐसे ही और भी हादसे हो सकते हैं।