अगले तीन दिनों में रियासत में भारी बर्फबारी की संभावना है। मौसम विभाग ने साफ किया है कि इस दौरान बर्फबारी के साथ बारिश हो सकती है। बिगड़ने वाले मौसम ने अपना मिजाज वीरवार को ही दिखा दिया।
रामबन जिले के सेरी क्षेत्र में वीरवार की दोपहर पस्सियां गिरने से नेशनल हाईवे पर चार घंटे तक यातायात ठप रहा। इस दौरान सड़क के दोनों तरफ वाहनों की कतारें लग गई। देर शाम तक क्षेत्र में जाम जैसी स्थिति बनी रही।
पश्चिम विक्षोभ के चलते रियासत का मौसम चौबीस और पच्चीस नवंबर को बिगड़ सकता है। हालांकि मौसम विभाग ने साफ किया है कि अगले चौबीस घंटों के दौरान भी कश्मीर और लद्दाख के उच्च पर्वतीय क्षेत्रों पर बर्फबारी हो सकती है। रियासत के बदले मौसम का सीधा असर तापमान पर पड़ा और दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
हालांकि रात को आसमान में हल्के बादलों के चलते रात के पारे में मामूली सुधार दर्ज गया। पिछले चौबीस घंटों के दौरान माइनस 4.9 डिग्री सेल्सियस के न्यूनतम तापमान के साथ लेह सबसे ज्यादा ठंडा रहा। इसके अलावा कारगिल का न्यूनतम तापमान माइनस चार डिग्री, विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल गुलमर्ग का पारा माइनस 2.8 और पहलगाम का माइनस एक डिग्री सेल्सियस रहा।
वहीं, वीरवार की दोपहर करीब पौने एक बजे जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर सेरी के पास काफी मात्रा में पस्सियां गिर आईं। इसके चलते यातायात बिल्कुल ठप हो गया। हाईवे पर जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई। इसकी जानकारी मिलने पर ग्रेफ विभाग की मशीनरी से करीब चार घंटे की मशक्कत से पस्सियों को हटाया और साढ़े तीन बजे के बाद यातायात फिर से बहाल हो सका। हालांकि देर शाम तक हाईवे पर वाहन रेंगते ही नजर आए।