उधमपुर। शहर के साथ लगते पखलाई क्षेत्र में लोगों को बेहतर स्वास्थ सुविधा प्रदान करने के लिए लगभग 1 करोड़ 39 लाख रुपये की लागत से हेल्थ एंड वेल्थ सेंटर के निर्माण को लेकर टेंडर प्रक्रिया 2023 में पूरी कर दी गई थी। हैरानी की बात है कि एक साल बाद भी आज तक इमारत का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। इसके चलते तकरीबन 5 पंचायतों के 15 हजार लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार पखलाई में मौजूदा समय में स्वास्थ्य सेवाओं के लिए ग्रामीण आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी पर निर्भर हैं। लोगों का कहना है कि जो डिस्पेंसरी क्षेत्र में चल रही है उसमें भी स्टाफ की बहुत कमी होने के साथ ही कोई डाक्टर भी नहीं है। इसके चलते स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी को डिस्पेंसरी में नियुक्त किया है जोकि अपनी समस्या लेकर आने वाले मरीजों को दवा दे रहा है।
पूर्व सरपंच करनैल सिंह का कहना है कि मौजूदा समय में क्षेत्र में सिर्फ एक आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी है। इसमें तकरीबन पांच पंचायतों के लोग अपने स्वास्थ्य की जांच करवाने के लिए आते हैं। डिस्पेंसरी में डाक्टर भी नहीं हैं, जिसके चलते काफी परेशानी हो रही है। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि जल्द से जल्द इमारत का निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए।
स्थानीय निवासी धर्मचंद का कहना है कि अगर पिछले साल हेल्थ सेंटर बनाने के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है तो आज तक इमारत का निर्माण कार्य क्यों नहीं शुरू हो पाया। क्षेत्र के लोग कई बार लोक निर्माण विभाग के दफ्तर के चक्कर काट चुके हैं, लेकिन वहां से एक ही जवाब मिलता है कि जल्द हेल्थ सेंटर की इमारत का निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
ज्ञान सिंह ने बताया कि अगर कोई ज्यादा बीमार हो जाएं तो उसे जीएमसी उधमपुर ले जाना पड़ता है, क्योंकि यहां पर जो आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी है, उसमें चतुर्थ श्रेणी का एक कर्मचारी डिस्पेंसरी में आने वाले लोगों को दवाइयां दे रहा है। इसके चलते काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हुकुम सिंह का कहना है कि डिस्पेंसरी में दवाईयां तो सभी प्रकार की मिल जाती हैं, लेकिन डाॅक्टर न होने से उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बीते साल ठेकेदार जहां पर इमारत का निर्माण होना है वहां से मिट्टी का सैंपल लेकर चल गए थे। इसके बाद अब तक न ठेकेदार आया और न ही संबंधित विभाग के अधिकारी। उन्होंने संबंधित विभाग से जल्द से जल्द इमारत का निर्माण कार्य शुरू करने की मांग की है, ताकि लोगों को आ रही समस्या से निजात मिल सके।
इस वर्ष आयुष विभाग की ओर से इस इमारत को बजट में नहीं रखा गया है, जिसके चलते टेंडर को रद्द कर दिया गया है। आयुष वालों का कहना है कि अगले साल के बजट में इस इमारत को रखा जाएगा। ठेकेदार की ओर से इमारत का डिजाइन भी बना दिया गया है। इसके चलते अब ठेकेदार को उसके पैसे भी देने हैं। इमारत को लेकर अगले वर्ष बजट आने पर फिर से टेंडर किया जाएगा।
-सुरेश भारती, एक्सइएन लोक निर्माण विभाग चिनैनी