पौनी। रनसू से शिवखोड़ी तक श्रद्धालुओं को घोड़ाें की सवारी करवाने वाले लगभग आठ सौ चालक परेशान हैं। छत नहीं होने के कारण घोड़ा चालक हर मौसम की चुनौती झेलने के लिए मजबूर हैं। सोहन सिंह और दानिश सिंह के अनुसार वह सभी लोग घोड़ा चलाकर परिवार का पालन पोषण कर रहे हैं। जब बारिश या फिर धूप होती है तो शेड नहीं होने के कारण उन्हें घोड़े खुले आसमान के नीचे खड़े करने पड़ते हैं। अगर शेड की व्यवस्था शिवखोड़ी श्राइन बोर्ड की तरफ से की जाए तो बेजुबानों को भी राहत मिलेगी। हालांकि गुफा के नजदीक एक शेड तो जरूर बना है, पर उसकी क्षमता करीब 70 घोड़ों की है। इसलिए श्राइन बोर्ड से मांग है कि जल्द घोड़ों के लिए उचित जगह देख कर शेड का निर्माण किया जाए।