एक हफ्ता पहले बारिश से क्षतिग्रस्त हुआ था हिमकोटी मार्ग, अभी 70 फीसदी ही हुई मरम्मत
18 हजार श्रद्धालु पंजीकरण के बाद भवन की ओर रवाना
संवाद न्यूज एजेंसी
कटड़ा। त्रिकुटा पर्वत पर छाई धुंध के चलते सोमवार को हेलिकॉप्टर सेवा प्रभावित रही। इस कारण श्रद्धालुओं को पैदल ही मां के दर्शन के लिए जाना पड़ा है। वहीं, बैटरी कार सेवा भी एक हफ्ते से बंद है। हिमकोटी मार्ग की मरम्मत का काम 70 फीसदी ही हुआ है। अभी भक्तों को सुविधा के लिए कुछ और इंतजार करना पड़ेगा।
मां वैष्णो की यात्रा जारी है। रोजाना बड़ी संख्या में देश-दुनिया से श्रद्धालु दर्शन के लिए धर्मनगरी कटड़ा पहुंच रहे हैं। सोमवार को शाम छह बजे तक करीब 18 हजार श्रद्धालु पंजीकरण करवा कर भवन की ओर प्रस्थान कर चुके थे। धर्मनगरी सहित यात्रा मार्ग और त्रिकुटा भवन जयकारों से गूंज रहा है।
हेलिकॉप्टर और बैटरी कार सुविधा नहीं मिलने के बावजूद श्रद्धालु पैदल, घोड़ा, पिट्ठू और पालकी के माध्यम से भवन की ओर रवाना हो रहे हैं। वहीं, त्रिकुटा पर्वत पर धुंध छाए रहने से तापमान में गिरावट आई है। श्रद्धालु सुहावने मौसम के बीच यात्रा पूरी कर रहे हैं।
हिमकोटी मार्ग के क्षतिग्रस्त होने से श्रद्धालुओं को पारंपरिक मार्ग से ही यात्रा करनी पड़ रही हैं। बैटरी कार मार्ग की मरम्मत का 70 प्रतिशत हुआ है। पंजीकरण कक्ष से मिली जानकारी के अनुसार रविवार को 25500 भक्तों ने मां के दरबार में हाजिरी लगाई थी। वहीं, सोमवार को शाम चार बजे तक 15200 और छह बजे तक 18 हजार भक्त पंजीकरण करवा कर भवन की ओर रवाना हो चुके थे।