उधमपुर। दृढ़ इच्छाशक्ति, परिवार के सहयोग और सही प्रशिक्षण के बल पर जिले के संबल गांव की मीनाक्षी ने आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश की है। बेरोजगारी के बजाय अपनी रुचि को ही रोजगार का माध्यम बनाते हुए उन्होंने अपना ब्यूटी पार्लर स्थापित किया और आज हर महीने लगभग 25 हजार रुपये कमा रही हैं। इतना ही नहीं उन्होंने दो अन्य महिलाओं को भी रोजगार उपलब्ध कराया है तथा गांव की कई महिलाओं को प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार के लिए प्रेरित कर रही हैं।
स्नातक पास मीनाक्षी को बचपन से ही ब्यूटी पार्लर के कार्य में रुचि थी। मीनाक्षी के मुताबिक उनकी माता भी इसी क्षेत्र से जुड़ी थीं, जिससे उन्हें प्रेरणा मिली। विवाह के बाद उनके पति कुलदीप कुमार ने उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने के लिए लगातार प्रोत्साहित किया। सरकारी नौकरी के कई प्रयास सफल नहीं होने पर उन्होंने अपने जुनून को ही अपना व्यवसाय बनाने का निर्णय लिया।
मीनाक्षी ने पिछले वर्ष एसबीआई आरसेटी उधमपुर की तरफ से आयोजित 35 दिवसीय जूनियर ब्यूटी प्रैक्टिशनर (लघु उद्यमी) प्रशिक्षण कार्यक्रम में हिस्सा लिया। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें ब्यूटी सेवाओं के साथ-साथ उद्यमिता विकास, निवेश योजना, ग्राहक प्रबंधन और व्यवसाय संचालन की व्यावहारिक जानकारी प्राप्त हुई।
प्रशिक्षण पूरा करने के बाद मीनाक्षी ने अपनी एक लाख रुपये की निजी बचत से गांव में ब्यूटी पार्लर शुरू किया। बेहतर सेवाओं, आकर्षक व्यवस्था और ग्राहकों के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार के कारण उन्होंने कम समय में अपनी अलग पहचान बना ली। वर्तमान में वह ब्राइडल मेकअप, हेयर कलरिंग, हेयर स्मूदनिंग, हेयर स्पा, फेशियल, पेडीक्योर सहित अनेक ब्यूटी सेवाएं प्रदान कर रही हैं।
मीनाक्षी का कहना है कि आरसेटी उधमपुर से मिला प्रशिक्षण उनके जीवन का सबसे महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। इससे उन्हें न केवल अपना व्यवसाय शुरू करने का आत्मविश्वास मिला, बल्कि परिवार की आर्थिक स्थिति और सामाजिक सम्मान में भी उल्लेखनीय सुधार आया। उनकी सफलता आज ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी है और यह संदेश देती है कि उचित प्रशिक्षण, कड़ी मेहनत और परिवार के सहयोग से महिलाएं भी सफल उद्यमी बन सकती हैं।