उधमपुर। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के लगातार गैर-हाजिर रहने के कारण तलाक की याचिका को खारिज कर दिया है। अदालत के आदेशानुसार मगेनी निवासी महिला ने अपने पति के खिलाफ हिंदू विवाह अधिनियम के तहत तलाक की अर्जी दाखिल की थी। मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने पाया कि पिछली चार सुनवाइयों से याचिकाकर्ता या उनकी तरफ से कोई भी वकील उपस्थित नहीं हुआ। आखिरी तारीख को भी बार-बार पुकारे जाने के बावजूद कोई पेश नहीं हुआ, जिससे यह स्पष्ट होता है कि याचिकाकर्ता मामले को आगे बढ़ाने में रुचि नहीं ले रही हैं। इसके चलते अदालत ने मामले को गैर-पैरवी मानते हुए याचिका को निरस्त कर दिया। इसके साथ ही याचिका से जुड़े सभी अंतरिम आवेदनों का भी निपटारा कर दिया गया।