रियासी। नगर की स्थानीय राम गली में सोमवार को लगातार चौथे दिन भी श्रीमद भागवत कथा का आयोजन जारी रहा। श्री सूरज कौशल शास्त्री ने कथा के जरिए भगवान श्री कृष्ण की महिमा का गुणगान किया।
शास्त्री ने कहा कि भगवान कृष्ण के पैदा होने पर भगवान शिव स्वयं उनकी एक झलक पाने आए थे। उनकी मनमोहक सुंदरता मुस्कुराहट पर वृंदावन की सखियां भी मरती थीं। कृष्ण की लाख शरारतों के बाद भी उन्हें माफ किया जाता था। भगवान कृष्ण बाल अवस्था से ही नटखट स्वभाव के थे। राजा कंस हमेशा कृष्ण को मारने की फिराक में रहता था लेकिन कृष्ण ने उसके कई राक्षसों का वध किया जिसमें पूतना भी शामिल थी। कथा का समापन आरती के साथ हुआ।