कटड़ा । श्री माता वैष्णो देवी विश्वविद्यालय में डिजाइन थिंकिंग क्रिटिकल थिंकिंग और इनोवेशन डिजाइन पर दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
इस कार्यशाला का उद्देश्य प्रतिभागियों को समस्या-समाधान रचनात्मकता और नवाचार में महत्वपूर्ण कौशल से लैस करना था। कार्यशाला का समन्वयन एसोसिएट प्रोफेसर, एसएमई डॉ. मीर इरफान उल हक और समन्वयक बैचलर ऑफ डिजाइन प्रो. अंकुश आनंद ने किया। इस कार्यशाला में 80 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। इनमें छात्र, उद्यमी, डिजाइनर और भारत भर के महत्वाकांक्षी नवप्रवर्तक यूआईईटी कठुआ, जेएमआई नई दिल्ली, राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय, आईयूएसटी अवंतीपोरा, जम्मू विश्वविद्यालय, दिल्ली प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय और गलगोटिया विश्वविद्यालय शामिल हुए। कार्यशाला में संसाधन व्यक्तियों के एक प्रतिष्ठित पैनल ने भाग लिया। डिजाइन विभाग आईआईटी दिल्ली डॉ. सुमेर सिंह, मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग एनआईटी श्रीनगर डॉ. दिनेश सिंह, एसोसिएट प्रोजेक्ट मैनेजर जेकेईडीआई अभिलाष कुमार बरारू, डिजाइन विभाग जेएमआई, नई दिल्ली डॉ. दीपशिखा, डिजाइन विभाग डीटीयू नई दिल्ली डॉ. तरुणा सिंह व लीड यूएक्स डिजाइनर नंदीशा एम और डिजाइन थिंकिंग विशेषज्ञ एसएपी लैब्स इंडिया शामिल रहे। इस कार्यक्रम में डिजाइन थिंकिंग, क्रिटिकल थिंकिंग और इनोवेशन डिजाइन पद्धतियों को एकीकृत करने के लिए एक व्यापक दृष्टिकोण प्रदान किया गया। वशिष्ठ अध्यक्ष इंस्टीट्यूट इनोवेशन काउंसिल एसएमवीडीयू के प्रो. आशुतोष, सीईओ एसएमवीडीयू टीबीआईसी डॉ. संजय मोहन शर्मा , डीन आरएंडडी प्रो. एके दास और एसोसिएट डीन आरएंडडी डॉ. संजीव आनंद ने बताया कि एसएमवीडीयू ऐसी पहलों को जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने एसएमवीडीयू के कुलपति प्रो. प्रगति कुमार को इस तरह के आयोजन और उनके अकादमिक नेतृत्व के लिए उनके समर्थन और प्रशंसा के लिए धन्यवाद दिया।