फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Udhampur News: परियोजनाएं करोड़ों की, सुरक्षा दीवार असुरक्षित

Wed, 14 Feb 2024 02:10 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, उधमपुर
विज्ञापन
विज्ञापन
17 साल पुरानी सुरक्षा दीवार जगह-जगह से टूट रही, कैसे होगा देविका का संरक्षण न अतिक्रमण हटा, न कचरे से मिल पाई निजात
विज्ञापन

न अतिक्रमण हटा, न कचरे से मिल पाई निजात
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। देविका के नाम पर करोड़ों रुपये की परियोजनाएं चल रही हैं। मगर कई सालों से टूट रही सुरक्षा दीवार की मरम्मत तक नहीं हो पाई है। 17 साल पहले देविका के अस्तित्व को बचाने के लिए 7 करोड़ की परियोजना तैयार कर इसके दोनों तरफ सुरक्षा दीवार का निर्माण किया था, जो लंबे समय से कई जगहों से टूटती जा रही है। इससे देविका के अस्तित्व को भी नुकसान के साथ आसपास की जमीनों को क्षति पहुंच रही है। मगर विभाग, प्रशासन और देविका को लेकर आवाज उठाने वाला कोई भी संगठन ध्यान नहीं दे रहा है।
उधमपुर की पहचान शहर के बीचोबीच से गुजरने वाली गंगा नदी की बड़ी बहन देविका नदी के रूप में की जाती है। देविका नदी चुनाव के दिनों में अधिकतर राजनैतिक दलों का अहम मुद्दा रहा है। इसमें देविका के संरक्षण से लेकर अतिक्रमण मुक्त करने को लेकर बड़े-बड़े दावे किए जाते रहे हैं। मगर आज तक न ही अतिक्रमण मुक्त हो पाई और न ही शुरू हुई परियोजनाओं का खास लाभ मिल पाया है। देविका संरक्षण की शुरुआत साल 2007 में लगभग 7 करोड़ की लागत से तैयार की गई प्रोटेक्शन वाल के निर्माण से ही हो गई थी। देविका के दोनों ओर प्रोटेक्शन वाल से देविका को संरक्षित करने की कोशिश की गई थी। इसमें दोनों तरफ 11 फुट ऊंची आरसीसी वॉल और बीच में 9 फुट का स्पैन रखा गया था। गंगेड़ा से लेकर ओमाड़ा मोड लिंक रोड तक करीब ढाई किलोमीटर तक परियोजना का निर्माण किया गया था।
विज्ञापन

60 करोड़ की लागत से घाट का सौंदर्यीकरण
साल 2020 में देविका के नाम पर करीब 186.70 करोड़ के सीवरेज प्रोजेक्ट की शुरुआत की गई। इसमें पहले दावा किया गया कि देविका को प्रदूषण मुक्त करने के साथ अतिक्रमण मुक्त भी किया जाएगा। मगर अतिक्रमण से देविका को मुक्ति नहीं मिली और सीवरेज निर्माण से काफी हद तक शहर के मलमूत्र की गंदगी से आजादी मिल गई। देविका नदी के ही नाम पर लगभग इस प्रोजेक्ट से 60 करोड़ की लागत से देविका घाट का सौंदर्यीकरण भी किया गया। मगर सबसे बड़ी बात यह है कि इन परियोजनाओं में देविका नदी को छुआ तक नहीं गया, जिससे देविका नदी का न ही विस्तार हो पाया है और न ही देविका अतिक्रमण से मुक्त हो पाई।
देविका परियोजना के तहत सीवरेज के साथ देविका तट एवं घट को विकसित करने सहित सौदर्यीकरण पर काम किया गया है। देविका की मरम्मत एवं ठोस कूड़ा प्रबंधन को लेकर भी जिला प्रशासन की ओर से कार्य किया जा रहा है।
विज्ञापन

- जोगिंद्र सिंह जसरोटिया, एडीसी
वर्ष 2007 में उधमपुर विधानसभा सीट पर पैंथर्स पार्टी से बलवंत सिंह मनकोटिया विधायक थे। जिनके कार्यकाल में देविका से जुड़ी अहम 7 करोड़ रुपये की परियोजना का निर्माण किया गया था। आज मनकोटिया भाजपा में वरिष्ठ नेता के रूप में सक्रिय हैं। उनका कहना है कि देविका के संरक्षण को लेकर हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। प्रोटेक्शन वॉल का निर्माण हुए लगभग 17 साल से अधिक का समय बीत चुका है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें