भाजपा अनुसूचित मोर्चा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष कुशलानाथ ने एक बार आरक्षण का लाभ ले चुके व्यक्ति को दोबारा आरक्षण का लाभ न देने की वकालत की है। उनका तर्क है कि आरक्षण का लाभ लेकर नौकरी पा चुके व्यक्ति का आर्थिक एवं सामाजिक स्तर सामान्य जाति के बराबर आ जाता है। ऐसे में उनको आरक्षण का लाभ देना विधिसम्मत नहीं है। कुशलानाथ ने राष्ट्रपति को इस संबंध में ज्ञापन भेजा है। उन्होंने कहा कि आरक्षण के तहत नौकरी पा चुके परिवारों को आरक्षण मुक्त करने के लिए देश में कानून बनाया जाना चाहिए। इससे गरीब आरक्षित वर्ग के परिवारों को आरक्षण का लाभ मिल जाएगा।