तीन दिनों की खामोशी के बाद शनिवार को फिर पाक सेना द्वारा शाहपुर कीरनी सेक्टर में भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों के साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में भी घंटों जमकर गोले बरसाए गए, जिससे ग्रामीणों में दहशत फैल गई।
गोलाबारी में जहां गांव कसबा निवासी मोहम्मद शरीफ का मकान जल गया, वहीं शाहपुर, मंधार, कीरनी गांवों में दर्जन भर पशु मारे गए। कई घरों को भी भारी क्षति पहुंची है वहीं कई घरों के अंदर घुसे पाक सेना के गोलों के टुकड़ों ने वहां रखे सामान को नष्ट कर दिया है। निवासियों का कहना है कि उनके सिर पर हर समय मौत मंडराती रहती है।
भारत-पाक नियंत्रण रेखा से सटे शाहपुर कीरनी सेक्टर के कई गांवों में देखने को मिली, जहां पर पाकिस्तानी सेना द्वारा दागे गए गोलों ने गांव के कई घरों की दीवारों को छलनी करके रख दिया है, बल्कि घरों के अंदर रखे बर्तन, कपडे़ आदि भी छलनी-छलनी हो गए हैं। पीड़ित परिवारों का कहना है कि शुक्र है खुदा का, जिसने बचा लिया।
कसबा निवासी बाग हुसैन एवं गुलजार जटट का कहना है कि पिछले तीन दिनों से जिले में नियंत्रण रेखा पर शांति बनी हुई थी, जिसके चलते शनिवार को बड़ी संख्या में लोग खेताें में खड़ी मक्की और घास की फसल की कटाई में जुटे थे। इस बीच अचानक दोपहर 12.45 बजे पाक सेना ने गांव में अंधाधुंध गोले बरसाने शुरू कर दिए। बड़ी मुशकिल से लोग जान बचा कर सुरक्षित स्थानों पर पनाह लेने में सफल हुए।