अखनूर। कारगिल विजय दिवस के उपलक्ष्य में अखनूर में देशभक्ति की भावना से ओतप्रोत कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इनमें वीर नारियों, पूर्व सैनिकों, स्कूली छात्रों एवं स्थानीय नागरिकों ने भाग लिया।
हेरिटेज म्यूज़ियम अखनूर में आयोजित एक विशेष श्रद्धांजलि समारोह में भारत माता के शूरवीरों को श्रद्धांजलि दी गई। म्यूज़ियम में प्रदर्शित की गई कारगिल युद्ध की अमर कहानियों ने उपस्थित जनसमूह की आंखें नम कर दीं। युवाओं के बीच वीरता और राष्ट्र सेवा की भावना को जागृत करने वाली इन कहानियों ने देश के भविष्य को प्रेरणा दी।
कार्यक्रम में विशेष रूप से टांडा टाइगर फोर्स के शौर्य और बलिदान को भी सम्मानपूर्वक प्रदर्शित किया गया। इन जांबाजों ने 1999 के कारगिल युद्ध में दुर्गम चोटियों पर लड़ते हुए भारत की रक्षा में अद्वितीय साहस का परिचय दिया था।
इसी क्रम में पूर्व सैनिक कल्याण संघ द्वारा पुन्नू चौक एवं अन्य कारगिल स्मारकों पर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। कार्यक्रम में वयोवृद्ध सैनिक लखबीर सिंह, रघुबीर सिंह, कैप्टन संतोष शर्मा, जोगिंदर सिंह समेत दर्जनों पूर्व सैनिकों ने भाग लिया और मातृभूमि के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले जवानों को नमन किया।
पूर्व सैनिक लखबीर सिंह ने कहा, कारगिल युद्ध सिर्फ एक सैन्य अभियान नहीं था, बल्कि यह भारत के जांबाज बेटों की अद्वितीय वीरता और मातृभूमि के प्रति अटूट समर्पण की कहानी है। हमारे जवानों ने 18,000 फुट की ऊंचाई पर कठिनतम परिस्थितियों में दुश्मन को करारा जवाब दिया। आज का दिन हमें याद दिलाता है कि देश की सुरक्षा में कोई समझौता नहीं हो सकता। हम उन सभी शहीदों को नमन करते हैं जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति दी, ताकि हम चैन की नींद सो सकें। हमें गर्व है कि आज की युवा पीढ़ी इन बलिदानों को जान रही है और राष्ट्रसेवा के लिए प्रेरित हो रही है।