पुंछ। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के हाथों नियुक्ति पत्र पाने वाले मृतक आश्रितों की आंखें नम थीं। अपनों को खोने का दर्द उनके चेहरे पर साफ दिखाई दे रहा था। रह-रह कर उनकी आंखें भर जा रही थीं और वे खुद को संभालने की कोशिश कर रहे थे। उनका कहना था कि नौकरी से हमारे जीवन में आई कमी पूरी नहीं हो सकती, खालीपन नहीं भर पाएगा, फिर भी हमारी रोजी रोटी का जुगाड़ करने के लिए हम सरकार का आभार व्यक्त करते हैं।
केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को पुंछ में पाकिस्तानी गोलाबारी में शहीद हुए 14 लोगों के आश्रितों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए तो उनका दर्द छलक आया। अपनों को सदा के लिए खोने के गम में आंखें भी छलक आईं। आंसुओं को पोंछते हुए शहीदों के आश्रितों का कहना था कि परिवार से जाने वालों की कमी तो कभी पूरी नहीं हो सकती परन्तु केन्द्र सरकार ने हमें नियुक्ति पत्र देकर हमारे परिवारों की रोजी रोटी का जुगाड़ कर हम पर उपकार कर दिया है। जिसके लिए हम गृहमंत्री सहित पूरी सरकार का धन्यवाद अदा करते हैं। इसके साथ ही हमने गृहमंत्री से पुंछ में बंकरों का निर्माण करवाने और जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं बढ़ाने अथवा इसे मेडिकल कालेज बनवाने की भी मांग की है ताकि उनके साथ जो हुआ वह भविष्य में किसी ओर के साथ न हो।
पति को खोने वाली हरजीत कौर ने कहा-स्वास्थ्य सेवाएं अच्छी की जाएं
गृहमंत्री से नियुक्ति पत्र पाने के बाद स्वर्गीय अमरजीत सिंह की पत्नी हरजीत कौर ने कहा कि हम सरकार का धन्यवाद करते हैं। पति चले गए, उनकी कमी कभी भी पूरी नहीं हो सकती है। मैं चाहती हूं कि क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर किया जाए। यह बेहतर सेवाएं होतीं तो मेरे पति की जान बच सकती थी, जो मेरे साथ हुआ है वह किसी ओर के साथ न हो।
मेरे छोटे बेटे को मिली है नौकरी, हमारा दुख-दर्द बांटा
पाकिस्तानी गोलाबारी में बैंछ निवासी नजीर अहमद की मौत हुई थी। वे कहते हैं कि मेरे छोटे बेटे को नियुक्ति पत्र मिला है। हमारे दुख-दर्द को बांटने के लिए हम गृहमंत्री व प्रधानमंत्री का शुक्रिया अदा करते हैं। हम सरकार से मांग करते हैं कि हर घर के लिए बंकर बनाने और जिला अस्प्ताल को मेडिकल काॅलेज बनाने की मांग करते हैं।
हमारा भाई तो कोई लौटा नहीं सकता
गोलाबारी में बलबीर सिंह के भाई की भी जान गई थी। बलबीर ही अब बूढ़े माता-पिता का सहारा हैं। कहते हैं कि हमारा भाई तो कोई हमें वापस लोटा नहीं सकता, परंतु सरकार ने मुझे नियुक्ति पत्र देकर हमारे परिवार पर उपकार किया है। हमारे पुंछ में स्वास्थ्य सेवाओं को अपग्रेड करना चाहिए। राजा सुखदेव सिंह जिला अस्पताल को मेडिकल काॅलेज बनाया जाए और अस्पताल को बुलेट प्रूफ एंबुलेंस भी दी जाए क्योंकि पुंछ में कभी भी पाकिस्तानी गोलाबारी हो सकती है।