पुंछ। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने नार्को-टेररिज्म और पाकिस्तान पर तीखा प्रहार करते हुए कहा है कि यह लड़ाई सिर्फ पुंछ को नशा मुक्त करने या युवाओं को बचाने तक सीमित नहीं है बल्कि यह सीधे तौर पर राष्ट्र की सुरक्षा से जुड़ा बेहद गंभीर मामला है। उन्होंने कहा कि युवाओं को राष्ट्र को बचाने के लिए सोच बदलना जरूरी है।
एलजी ने सीमा पार से होने वाली साजिशों को बेनकाब करते हुए कहा कि नियंत्रण रेखा के उस पार बैठा पड़ोसी आतंकी मुल्क एक सोची-समझी साजिश के तहत नशा तस्करी को बढ़ावा दे रहा है। इसका मकसद जम्मू-कश्मीर की सबसे बड़ी ऊर्जा यानी हमारे युवाओं के भविष्य को पूरी तरह बर्बाद करना है। उन्होंने चेताया कि नशे के कुछ कारोबारियों ने भले ही इस काली कमाई से अपने नार्को पैलेस (आलीशान मकान) खड़े कर लिए हों लेकिन अंततः यह पैसा घूम-फिरकर आतंकी संगठनों के पास ही पहुंचता है। इसी पैसे से आतंकियों के लिए आधुनिक हथियार और बंदूकें खरीदी जाती हैं, जिनका इस्तेमाल घाटी में निर्दोष नागरिकों की जान लेने के लिए किया जाता है।
उपराज्यपाल ने अब हमें पड़ोसी मुल्क की इस खतरनाक चाल को नाकाम करने के लिए अपनी सोच को बदलना होगा। राष्ट्र की संप्रभुता और युवाओं के सुनहरे कल को सुरक्षित रखने के लिए नार्को-टेररिज्म के पूरे नेटवर्क को जड़ से उखाड़ फेंकना हर नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।