पुंछ। पाकिस्तानी सेना ने मंगलवार को एक बार फिर नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर कीरनी, कसबा और शाहपुर सेक्टर में सेना की चौकियों के साथ ही रिहायशी इलाकों में घंटों गोलाबारी की। इससे नियंत्रण रेखा से सटे इलाकों में गोले गिरने से कई मकानों को नुकसान पहुंचा है। लोगों में भय का माहौल है। गोलाबारी से बचने को लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पनाह लेनी पड़ी। सेना की तरफ से भी गोलाबारी का मुंहतोड़ जवाब दिया गया।
मंगलवार सुबह 10.30 बजे पाकिस्तान ने जिले के कीरनी, कसबा और शाहपुर सेक्टर में संघर्ष विराम का उल्लंघन करते हुए गोलाबारी शुरू कर दी। इसका क्षेत्र में तैनात सेना ने भी उसी क्रम में जवाब दिया। इसके चलते दोनों तरफ से घंटों गोलाबारी जारी रही। गोलाबारी से कुछ घरों को नुकसान पहुंचने से लोगों में पाकिस्तानी सेना के प्रति भारी रोष व्याप्त हो गया।
लोगों की मांग, घरों के पास बनाए जाएं बंकर
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि पाकिस्तानी सेना लगातार हमारे घरों को निशाना बनाकर गोलाबारी करती है। केंद्र सरकार की तरफ से नियंत्रण रेखा से सटे क्षेत्रों में बंकर निर्माण के लिए करोड़ों रुपये मंजूर किए गए हैं, परंतु हमारे क्षेत्र में अभी तक प्रशासन की तरफ से बंकर नहीं बनाए गए हैं। इसलिए हमारी मांग है कि हमारे घरों के पास निजी बंकरों का निर्माण कराया जाए। जहां पनाह लेकर हम अपने और बच्चों की जान बचा सकें।
आईबी पर भी सात घंटे दागे गोले
हीरानगर। अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पाकिस्तानी रेंजर्स ने सोमवार रात हीरानगर सेक्टर में करीब सात घंटे गोलाबारी की। इस दौरान बीएसएफ की चौकियों को निशाना बनाने के साथ ही रिहायशी इलाकों को भी जद में लेने की कोशिश की गई। रात करीब दस बजे भीके चक, करोल पंगा पोस्ट से पाकिस्तान की 25 चिनाब रेंजर्स ने गोलाबारी शुरू की जो सुबह पांच बजे तक जारी रही। इस दौरान बीएसएफ की मनियारी, सतपाल, करोल कृष्णा पोस्ट और आसपास के रिहायशी इलाकों को भी निशाना बनाने की कोशिश की गई। हालांकि, इसमें किसी तरह के जानमाल के नुकसान की कोई सूचना नहीं है। भारतीय सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने पाकिस्तान की नापाक हरकत का मुंहतोड़ जवाब दिया।