- विभाग की लापरवाही, जमीन पर स्थापित कर दिया ट्रांसफार्मर, दो साल की मासूम चपेट में आकर झुलसी
- घटना का एसडीएम ने लिया कड़ा संज्ञान, उनकी अनुशंसा पर दर्ज हुआ मामला
- सब डिवीजन में लटकी तारों और जमीन पर पड़े ट्रांसफार्मरों की तलब की रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। जमीन पर स्थापित ट्रांसफार्मर से दो साल की बच्ची को करंट लगने व झुलसने के मामले का कड़ा संज्ञान लेते हुए एसडीएम की अनुशंसा पर बनी पुलिस ने बिजली विभाग के फीडर प्रबंधक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
वहीं बनी थाने में मामला दर्ज होने के बाद विभाग ने ट्रांसफार्मर को भी जमीन से हटवा दिया है। एसडीएम ने विभाग से सब डिवीजन में लटकी तारों समेत जमीन पर पड़े ट्रांसफार्मरों की रिपोर्ट भी तलब की गई है। करंट लगने का हादसा पहाड़ी उपमंडल बनी के सित्ती गांव में पेश आया है। एसडीएम ने इसे सीधे तौर से विभागीय लापरवाही करार देते हुए बनी थाना प्रभारी को मामला दर्ज करने की अनुशंसा की।
जानकारी के अनुसार मंगलवार को गांव के किनारे खुले में लगा ट्रांसफार्मर की चपेट में आने से दो वर्षीय बच्ची का हाथ पूरी तरह जल गया था। परिजनों ने बच्ची को इलाज के उपजिला अस्पताल में पहुंचाया। डॉक्टरों ने गंभीर हालत को देखते हुए उसे जीएमसी जम्मू रेफर कर दिया। सूत्रों की मानें तो अभी बच्ची का इलाज जम्मू-कश्मीर के बाहर किसी निजी अस्पताल में चल रहा है। दुर्घटना की जानकारी तहसीलदार बनी ने एसडीएम को दी।
यह भी बताया गया कि फीडर प्रबंधक को पूर्व में भी कई बार ट्रांसफार्मर को सड़क से हटाने की हिदायत दी गई थी लेकिन लापरवाही बरती गई। यह ट्रांसफार्मर विद्युत अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार स्थापित नहीं गया था जिसके चलते यह हादसा पेश आया। बनी थाना प्रभारी ताहिर खान ने बताया कि मामला दर्ज कर लिया गया और जांच की जा रही है।
कोट -
बार-बार तहसीलदार के मौखिक आदेश के बाद भी सड़क किनारे लगे ट्रांसफार्मर को स्थानांतरित नहीं किया गया। जिस वजह से दो साल की बच्ची बुरी तरह से झुलस गई, उसके हाथ में चोट आई। यह बिजली विभाग के कर्मचारी की गंभीर लापरवाही का नतीजा है। मामला दर्ज करने का आदेश जारी किया गया ताकि लापरवाही के खिलाफ अन्य लोगों के लिए भी यह एक मिसाल कायम हो सके। इसके साथ ही सब डिवीजन में हादसों को रोकने के लिए लटकी तारों और जमीन पर पड़े ट्रांसफार्मरों की सूची उपलब्ध करवाने को भी कहा गया है।
- ग्यास उल हक, एसडीएम बनी।