बिलावर। जम्मू-कश्मीर में 75 रुपये रोजाना मानदेय बढ़ाने के फैसले से अस्थायी कर्मी नाखुश हैं। उनका कहना है कि 25 वर्षों से वे विभागों में सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन सरकार ने कम मानदेय बढ़ाकर उनका मजाक उड़ाया है। मंगलवार को ऑल जेएंडके युनाइटेड फ्रंट एसोसिएशन के बैनर तले जलशक्ति विभाग सहित अन्य विभागों के अस्थायी कर्मचारियों ने मांडली गांव में जलशक्ति विभाग के विश्राम गृह में बैठक की। एसोसिएशन के सदस्य रवि हंस, होशियार सिंह, रंजीत सिंह सहित अन्य कर्मियों ने कहा कि प्रधानमंत्री के जम्मू दौरे को लेकर उन्हें उम्मीद थी कि सरकार उनके लिए भर्ती नीति बनाएगी और उन्हें स्थायी किया जाएगा, लेकिन ऐसा नहीं हो सका। अस्थायी कर्मचारियों को 70 महीने का बकाया वेतन नहीं दिया गया है। चेतावनी दी कि उनकी जायज मांगों को पूरा नहीं किया गया तो काम छोड़ हड़ताल करेंगे। बैठक में विक्कू मगोत्रा, चरणजीत, अल्ताफ हुसैन, ललित सिंह ,जावेद हुसैन, सुरेंद्र कुमार, मोहन लाल आदि मौजूद रहे।