प्रदर्शन में शामिल नेकां नेता धर्मपाल कुंडल ने कहा कि एक तरफ जहां केंद्र की मोदी सरकार किसानों की आय दुगनी करने के दावे कर रही है, वहीं प्रदेश प्रशासन किसानों की अनदेखी कर रहा है। पिछले कई वर्षों से किसान बर्बाद हुई फसलों के मुआवजे की मांग कर रहे हैं लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। 2014, 2019-22 और 23 में मौसम की मार से फसलों को नुकसान हुआ। संबंधित विभाग की ओर से रिपोर्ट तो तैयार की गई लेकिन किसानों को मुआवजा नहीं मिला। अब किसानों के सब्र का बांध टूट रहा है। किसान नेता घनश्याम शर्मा ने कहा जिस तरह से तेलंगाना सरकार ने किसानों के हित में कई कल्याणकारी योजनाएं लागू की हैं, इसी तरह यहां के किसानों को भी विशेष योजनाएं बनाकर लाभ दिया जाए। अगर किसानों की इसी तरह से अनदेखी होती रही तो सभी किसान संगठित होकर अपने हक की मांग सड़कों पर उतर कर करेंगे। प्रदर्शन के बाद किसानों ने एक ज्ञापन भी तहसीलदार लेखराज को सौंपा। प्रदर्शन में किसान नेता चौधरी शिवदेव सिंह, अक्षय सिंह, राज सिंह, जांगीराम और मखनी बंदराल आदि शामिल रहे।