कठुआ। जम्मू-पठानकोट नेशनल हाईवे से सटकर एक साइबर कैफे में कर्ज मुक्ति के नाम पर चलाए जा रहे गोरख धंधे पर प्रशासन ने कार्रवाई की है। मामले को गंभीरता से लेते हुए लगभग आधा दर्जन लोगों को हिरासत में लिया गया है, जबकि डीसी कठुआ पुलिस को इस संदर्भ में मामला दर्ज करने के निर्देश जारी किए हैं। इससे पहले हटली मोड़ से सटे इस साइबर कैफे में कर्ज माफी के लिए पंजीकरण करवाने के लिए सैकड़ों की तादाद में लोगों की कतारें लग गई थीं।
रविवार को जम्मू पठानकोट नेशनल हाईवे से सटे हटली मोड में एक साइबर कैफे के बाहर लोगों से उनका आधार और मोबाइल नंबर जुटाए जा रहे थे। बताया जा रहा था कि साइबर कैफे से संबंधित लोग कर्ज मुक्ति के नाम पर लोगों को राहत दिलवाने का काम करने वाले थे। ऐसी जानकारी मिलते ही कठुआ शहर के साथ आसपास के गांवों से भी सैकड़ों की संख्या में लोग साइबर कैफे के बाहर पहुंचे और कतारबद्ध हो गए।
कुछ समय बाद मामले की जानकारी जिला प्रशासन के संज्ञान में भी पहुंची। शिकायत मिलते ही डीसी कठुआ राकेश मिन्हास मौके पर पहुंचे और साइबर कैफे संचालकों से जानकारी ली। संचालक के अनुसार वे एक एनजीओ चलाते हैं और किसी शाहनवाज चौधरी ने उन्हें यह डाटा एकत्रित करने के लिए अधिकृत किया है। बाकायदा डीसी कठुआ को अथॉरिटी लेटर भी दिखाया गया। कुछ ही समय में मामला स्पष्ट हो गया कि यह सरकार की ओर से चलाया गया कोई भी अभियान नहीं था। डीसी कठुआ ने मौके पर ही मामले से संबंधित सभी लोगों को गिरफ्तार करने और जांच करने के निर्देश पुलिस को दे दिए।
डीसी कठुआ राकेश मिन्हास ने बताया कि उन्हें शिकायत मिल रही थी कि कुछ लोग हटली मोड इलाके में लोगों को कर्ज मुक्ति के नाम पर पंजीकरण कर रहे हैं और उनका डाटा एकत्रित कर रहे हैं। पहुंच कर जांच की गई है और उन्हें फिलहाल गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि पुलिस जांच करेगी कि फिलहाल यह डाटा आखिर कहां भेजा जा रहा था और किसने इन्हें अधिकृत किया था। लोगों से भी अपील की गई है कि ऐसे फर्जी लोगों के चक्कर में ना पड़ें और सरकार की ओर से किसी भी चलाई जा रही योजना के संबंध में पुष्टि संबंधित पंचायत या फिर जिला अधिकारी से करवा लें।
कर्ज मुक्ति के मामले में हिरासत में लिए गए लोगों के खिलाफ अभी कोई मामला दर्ज नही किया गया। फिलहाल पुलिस इस मामले में पूरी गंभीरता से पूछताछ कर रही है।
-मंजीत सिंह, डीएसपी हेडक्वार्टर कठुआ