बावा लाल दयाल के जन्म शताब्दी कार्यक्रम के दौरान भागवत कथा में पहुंचे श्रद्धालु। संवाद
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कठुआ। बावा लाल दयाल जन्मशताब्दी के उपलक्ष्य पर शहर के वार्ड 19 स्थित आदियोगी आश्रम में श्रीमद् भागवत कथा जारी है।
मंगलवार को कथा व्यास आदियोगी गौतम जी महाराज ने श्रद्धालुओं को प्रभु पर सच्ची निष्ठा रखने का संदेश दिया। इस दौरान उनकी ओर से प्रस्तुत किए जाने वाले मधुर भजनों पर संगत झूम उठी। श्रीमद्भागवत सप्ताह ज्ञानयज्ञ के चौथे दिन आदि योगी ने श्रद्धालुओं को भक्त प्रह्लाद का प्रसंग सुनाया। उन्होंने बताया कि भक्त प्रह्लाद भगवान विष्णु की भक्ति में लीन रहते थे और उनके पिता हिरण्यकश्यप भगवान विष्णु को अपना शत्रु मानते थे। भगवान विष्णु की भक्ति करते देख उन्होंने अपने पुत्र को ही जान से मारने की ठान ली। प्रभु पर सच्ची निष्ठा और आस्था की वजह से हिरण्यकश्यप प्रह्लाद का कुछ भी अनिष्ट नहीं कर पाए। उन्होंने सभी भक्तों को भगवान के प्रति सच्ची निष्ठा और आस्था रखने के लिए कहा, जिसके फलस्वरूप उन्हें भगवान का सानिध्य प्राप्त होगा। संवाद