डीसी ने की पीसीपीएनडीटी अधिनियम पर जिला सलाहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। जिला सलाहकार समिति ने कठुआ में ड्रीमलैंड पार्क के पास एक नए निजी अल्ट्रासाउंड केंद्र के अलावा तीन निजी केंद्रों के पंजीकरण के नवीनीकरण को मंजूरी दी।
यह फैसला डीसी डॉ. राकेश मिन्हास ने डीसी कार्यालय परिसर के सम्मेलन कक्ष में गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक (पीसीपीएनडीटी) अधिनियम पर जिला सलाहकार समिति (डीएसी) की बैठक की अध्यक्षता के दौरान लिया गया।
बैठक में जिले भर में पीसीपीएनडीटी अधिनियम के कार्यान्वयन के मूल्यांकन पर ध्यान केंद्रित किया गया, जिसमें अल्ट्रासाउंड केंद्रों के पंजीकरण, अपराधों और दंड से संबंधित कानूनी प्रावधानों और जिले के निगरानी तंत्र पर विस्तृत चर्चा की गई। डॉ. मिन्हास ने जन्म के समय बाल लिंग अनुपात (सीएसआर) में सुधार करने में उनकी भूमिका के लिए सभी हितधारकों के सामूहिक प्रयासों की सराहना की। उन्होंने सकारात्मक प्रवृत्ति को जिले के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में स्वीकार किया और इस गति को बनाए रखने और इसे आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य ब्लॉकों में बाल लिंगानुपात को बढ़ाने के लिए हमें इन क्षेत्रों की पहचान करनी चाहिए और सभी ब्लॉकों में समान प्रगति सुनिश्चित करने के लिए जागरूकता, प्रवर्तन और सामुदायिक भागीदारी को तेज करना चाहिए। इससे पहले, कठुआ के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विजय रैना ने समिति को जिले में 16 अल्ट्रासाउंड क्लीनिक की स्थिति के बारे में जानकारी दी, जिनमें 13 निजी केंद्र और 3 सरकारी सुविधाएं शामिल हैं। डीसी ने बालिकाओं की सुरक्षा में पीसीपीएनडीटी अधिनियम की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला।
उन्होंने जिले में अवैध लिंग निर्धारण प्रथाओं को रोकने और सीएसआर को और बेहतर बनाने के लिए डिकॉय ऑपरेशन सहित अभिनव रणनीतियों की आवश्यकता पर भी जोर दिया। बैठक में चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संगीता अजरावत सहित अन्य डीएसी सदस्य और विशेष आमंत्रित सदस्य उपस्थित थे।