पुलिस सूत्रों के अनुसार रिनय से युरदु जा रही वर्ष 2007 मॉडल की टाटा सूमो (जेके14ए-7482) अलसयार इलाके में पहुंचने पर हादसे का शिकार हो गई। सड़क से टाटा सूमो सीधे खाई में जा गिरी। स्थानीय लोगों ने वाहन को खाई में गिरते देखा तो उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। आनन फानन लोग भी बचाव कार्य के लिए खाई में उतर गए। कुछ समय बाद सुरक्षाबल भी मौके पर पहुंच गए। सभी ने मिलकर बचाव कार्य शुरू किया। खाई में गिरने के दौरान उसमें बैठे यात्री छिटक कर गिर गए थे। सभी को मौके पर मृत पाया गया।
पुलिस ने सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए पीएचसी मड़वा पहुंचा दिया है और मामले की जांच भी शुरू कर दी है। हादसे की जानकारी मिलने पर किश्तवाड़ से कई बड़े अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं। पूर्व मंत्री सुनील शर्मा के अनुसार वाहन दरिया में समा गया है। मृतकों में एक भाजपा कार्यकर्ता भी शामिल है। जिला उपायुक्त डॉ. देवांश यादव ने बताया कि आठ शव निकाले गए हैं। किसी और के होने की आशंका को देखते हुए सुरक्षा बलों के जवान और पुलिस तलाशी अभियान चला रहे हैं।
ऊंचे पर्वतीय इलाकों में 15 वर्ष पुराने वाहनों से हो रहीं दुर्घटनाएं
किश्तवाड़ के मड़वा उपमंडल में दुर्घटना का शिकार वाहन 15 वर्ष से भी पुराना था। वाहन का नंबर उधमपुर जिले का है और इसको यात्रियों की आवाजाही करने के लिए ऊंचे पर्वतीय इलाके में इस्तेमाल किया जा रहा था।
सरकार के आदेश के अनुसार अब सड़कों पर 15 वर्ष से अधिक पुराने वाहन बिना फिटनेस सर्टिफिकेट के नहीं चल सकते लेकिन इसके बावजूद दूर दराज पर्वतीय इलाकों में पुराने वाहनों को आवाजाही के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।
उधमपुर, किश्तवाड़ और डोडा जिले में दुर्घटना का शिकार होने वाले कई वाहन पुराने होते हैं, जिनका यात्रियों को लेकर चलना किसी खतरे से खाली नहीं होता है। इन इलाकों में सड़कों की हालत बेहद खराब है। दूरदराज इलाके होने की वजह से कई रूटों पर बिना फिटनेस के वाहन चलते हैं। फिटनेस के बिना बीमा और रूट परमिट भी जारी नहीं होता। इसके बावजूद दूरदराज उच्च पर्वतीय इलाकों में 15 वर्ष से पुराने वाहन दौड़ाए जा रहे हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार हादसे की वजह की जांच की जा रही है। वहीं, ऑनलाइन डेटा बता रहा है कि टाटा सूमो वाहन 15 साल चार माह पुराना था। इसे फिटनेस प्रमाण पत्र 6 जनवरी 2023 तक दिया गया है।