खुफिया एजेंसियों ने राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बनने वाली 42 मोबाइल एप्लीकेशंस की एक सूची जारी की है। सुरक्षा बलों के जवानों और अधिकारियों को इन एप्लीकेशंस को इस्तेमाल में न लाने के लिए एडवाइजरी जारी की गई है।
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अमर उजाला के पास एक ऐसा दस्तावेज हाथ लगा है, जो कि खुफिया एजेंसियों की ओर से जारी किया हुआ माना जा रहा है।
हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है, लेकिन जो जानकारी उस दस्तावेज में शामिल है, वह राष्ट्रीय सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए काफी महत्वपूर्ण है। सभी सुरक्षा एजेंसियों के लिए जारी किया गया यह दस्तावेज 24 नवंबर का है। इस दस्तावेज में 42 ऐसी मोबाइल एप्लीकेशन लिखी गई हैं, जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बताई गई हैं।
इस दस्तावेज में लिखा है, विश्वसनीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार चीनी डेवलपर्स के विकसित कई ऐसे एप्स हैं, जिनके चीनी लिंक हैं, उनसे कथित तौर पर जासूसी किए जाने की आशंका है।
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इनका प्रयोग हमारे सुरक्षाबलों के जवानों की सुरक्षा के लिए हानिकारक हो सकता है। इनमें से कुछ एप्स की एक सूची अटैच है। इसमें सुरक्षा कंपनियों को निर्देश है कि सभी अधिकारियों और आपके कमान के तहत आने वाले जवानों से इन एप्स का उपयोग कार्यालय में या निजी मोबाइल फोन पर न करने का अनुरोध किया जाता है।
अगर उनमें से कुछ पहले से ही इन एप्लीकेशन में से कोई भी उपयोग कर रहे हैं तो उन्हें एप को तुरंत अनइंस्टॉल करने और उनके सेलफोन को फॉर्मेट करने के लिए कहा जाए। इसका सख्त अनुपालन किया जाए और इस मामले में व्यापक दिशा निर्देश भी जारी किये जाएं। इस इनपुट के साथ 42 ऐसी एप्लीकेशनस की भी सूची भी अटैच की गई है।
इसको लेकर जब जम्मू कश्मीर पुलिस के महानिदेशक डा. एसपी वैद से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि अभी तक उनके पास ऐसी कोई सूचना नहीं है।