जम्मू। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष बीएस सलाथिया ने शनिवार को नेशनल कांफ्रेंस प्रमुख फारूक अब्दुल्ला के खिलाफ हालिया टिप्पणियों के लिए सरकार से कड़ा रुख इख्तियार करने की मांग की है। उन्होंने लोकसभा से अब्दुल्ला को अयोग्य घोषित करने और चुनाव आयोग द्वारा उनकी पार्टी के बहिष्कार की मांग उठाई है। फारूक अब्दुल्ला के बयान ‘पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर पाकिस्तान का है और भारत में इसे हासिल करने की क्षमता नहीं है’ इस पर सलाथिया ने खासी नाराजगी जताई। सलाथिया ने रणबीर सिंह दंड संहिता की धारा 124 ए (राजद्रोह) के तहत तत्काल कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि इससे एक सही संदेश हर किसी को जाता है जो कोई राष्ट्र का अपमान करता है। उन्होंने कहा कि यह चौंकाने वाला है कि अब्दुल्ला जो रियासत के मुख्यमंत्री बने और भारत सरकार को एक कैबिनेट मंत्री के रूप में सेवा भी दे चुके हैं। वह ऐसा बयान दे रहे हैं, जिससे राष्ट्र का अपना हो। सलाथिया ने कहा कि राजद्रोह का कार्य किसी भी परिस्थिति में माफ नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि भारत एक अकेला गणतंत्र नहीं है, जहां कोई भी भारतीय राज्य की महान संस्था को चुनौती दे सकता है। एसोसिएशन के अध्यक्ष ने लोकसभा और चुनाव आयोग के अध्यक्ष को तुरंत उनकी सदस्यता से हटाने और उनकी राजनीतिक पार्टी को अस्वीकार करने की अपील की है।