एक बंदर की मौत को लोगों की भावनाओं ने बेहद खास बना दिया। बंदर का विद्युत शव दाह गृह से अंतिम संस्कार किया गया और नदी में उसकी अस्थियां प्रवाहित की गई।
कोटा शहर के मकबरा क्षेत्र में प्राचीन मंदिर के पास कचरे के ढेर में सोमवार सुबह एक बंदर मृत मिला। स्थानीय निवासी रवि डाबी ने इसकी सूचना ऐतिहासिक धरोहर संरक्षण फाउंडेशन के पदाधिकारियों को दी। तुरंत फाउंडेशन के हरीश राठौड़, तेजकरण अंची, त्रिलोक जैन, योगेश सोनी, शैलेंद्र मेहरा, हेमंत राव, राजा शर्मा आदि मौके पर पहुंचे और बंदर को कचरे से बाहर निकाला।