राजस्थान की राजनीति में उदयपुर के भीण्डर तहसील सुर्खियों में है। यहां की पंचायत समिति में वर्तमान प्रधान यशोधरा कुंवर और उप प्रधान कमलेश पोखरना के खिलाफ सोमवार को अश्विास प्रस्ताव पारित हो गया। बैठक में 21 पंचायत समिति सदस्यों ने भाग लिया। वहीं दो यशोधरा कुंवर और गगन पाटीदार ने मतदान में भाग नहीं लिया। उन्नीस मत के एक पक्षीय निर्णय से
अविश्वास प्रस्ताव पारित हो गया।
इससे पूर्व पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को चाक चौबंद करते हुए करते हुए एक एएसपी, तीन डिप्टी, सहित 10 थानों के सीआई को मौके पर तैनात किया। वहीं, उनके साथ पुलिस लाइन के डेढ सौ जवानों को भी जाप्ते में लगाया गया। सुबह वल्लभनगर विधायक रणधीर सिंह भीण्डर के साथ जनता सेना के बारह और कांग्रेस के सात पंचायत समिति सदस्य सदन में पहुंचे। वहीं प्रधान यशोधरा कुंवर और उप प्रधान कमलेश पोखरणा भी पहुंचे।
सदन में बहस के बाद मतदान हुआ। इसमें 19 सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया। प्रधान यशोधरा कुंवर और उप प्रधान कमलेश पोखरणा ने मतदान में भाग नहीं लिया। इस प्रकार अविश्वास प्रस्ताव के पक्ष में एक भी वोट नहीं गिरा। वहीं दो सदस्य सदन से अनुपस्थित रहे। अविश्वास प्रस्ताव पास होने के बाद जनता सेना के कार्यकर्ताओं ने जमकर जश्न मनाया।
उधर, अविश्वास प्रस्ताव के दौरान ही पुलिसकर्मियों व अधिकारियों की प्रधान यशोधरा कुंवर के पति कुबेर सिंह चावड़ा और उनके देवर लोकेन्द्र सिंह चावड़ा के साथ हल्की झड़प भी हुई। जिसके बाद पुलिस ने इन्हें पंचायत समिति परिसर से 100 मीटर दूर खदेड़ा। गौरतलब है कि सुरक्षा के मद्देनजर यहां सुबह से ही भीण्डर पंचायत समिति के बाहर पुलिसकर्मी तैनात थे।