जयपुर पुलिस ने शनिवार को ऑनलाइन ठगी करने वाले एक अन्तरराष्ट्रीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के दो लोगों को गिरफ्तार कर रिमांड पर ले लिया है। इस गिरोह के तार नाइजीरिया से जुड़े हैं।
डीसीपी पूर्व कुंवर राष्ट्रदीप ने बताया कि आदर्श नगर में रहने वाली एक युवती ने मोती डूंगरी थाने में मामला दर्ज करवाया था। इसके अनुसार युवती ने मेट्रीमोनियल साइट पर शादी के लिए आवेदन दिया था। इसके बाद एक नाइजीरियन युवक ने उससे फोन पर संपर्क किया। युवक ने उससे भारत आकर मिलने की बात कही। इसके कुछ दिन बात युवती के पास मुंबई से एक महिला का फोन आया, जिसमें उसने खुद को कस्टम्स अधिकारी बताते हुए इस नाइजीरियन युवक से सोने के सिक्के और नाइजीरियन मुद्रा मिलने की बात कही।
युवक को छुड़वाने के लिए तीस हजार रुपए जमा करवाने के लिए कहा। युवती ने यह रकम जमा करवा दी। उक्त का महिला का एक बार फिर फोन आया तो उसने पहले एक लाख पांच हजार और फिर दोबारा फोन कर एक लाख 86 हजार रुपए जमा करने के लिए कहा। इस पर युवती को शक हुआ तो उसने थाने में मामला दर्ज करवाया।
इसके बाद पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन कर मोबाइल सिम से मिली लोकेशन के आधार पर नोएडा व दिल्ली में दबिश देकर दो लोग नाइजीरिया निवासी सोलोमन और बिहार निवासी कौशल प्रसाद को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने चार मोबाइल और 25 सिम भी जब्त की है। इन दोनों को कोर्ट में पेशकर चार दिन के रिमांड पर लिया है।
जांच में सामने आया कि नाइजीरिया के कुछ लोगों ने कुछ भारतीय लोगों को अपने साथ मिलाकर एक गिरोह बना लिया है। जो लोगों से मेट्रीमोनियल साइट और लॉटरी लगने के नाम पर ठगी करता है। पिछले दस दिन में इस गिरोह ने दस लाख रुपए ठगने की जानकारी मिली है।