शेयर कारोबार में निवेश कर मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर करोड़ों रुपए की ठगी करने वाले अंतराज्यीय गिरोह से जुड़े एक और आरोपी को जयपुर पुलिस कमिश्नरेट की क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार कर लिया। इस आरोपी ने ही साइबर ठग गैंग को मोटी रकम लेकर लाखों मोबाइल फोन नंबरों का डेटा उपलब्ध करवाया था।
पुलिस उपायुक्त (अपराध) डाॅ. विकास पाठक ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी सुनील कुमार देवतवाल है। वह आईसीआईसीआई बैंक, दिल्ली में स्टेट हैड मार्केटिंग का कार्य करता था। वर्ष 2005 से 2011 तक इसने आईसीआईसीआई एवं आदित्य बिड़ला, अमेरिकन एक्सप्रेस, यस बैंक इत्यादि में जॉब कर चुका है। उसी दौरान आईसीआईसीआई बैंक में इस गैंग का सरगना इकराम खान उसके सहायक के तौर पर कार्य करता था।
इकराम ने बैंक जॉब छोड़कर 2012 में दिल्ली में स्टार ट्रेवल्स दिल्ली नामक कम्पनी खोली थी। जिसमें घाटा होने पर उसने फिर से जयपुर के सी-स्कीम में सुभाष मार्ग स्थित एक्सरोस ट्यूर्स एवं एक्सपीयर मैक्स ट्रेवल्स कंपनी में जॉब की थी। इस दौरान आरोपी सुनील कुमार और आरोपी इकराम के बीच फिर से संपर्क हो गया। करीब चार साल पहले इकराम एवं अन्य साथियों ने नोएडा में एक कॉलसेंटर खोलकर आॅनलाईन ठगी का धंधा शुरु कर दिया। तब इकराम ने मोटी रकम देकर सुनील कुमार से कई कंपनियों का मोबाइल डेटा प्राप्त कर लिया। फिर इन्हीं नंबरों पर फोन कर कॉल सेंटर की लड़कियां लोगों से संपर्क कर उन्हें फंसाती थी।
उसके पास करीब 20 कम्पनियों के डेटा बेस का संग्रहण था
mobile phone
- फोटो : Demo pic
आरोपी सुनील के पास करोड़ों की तादाद में डेटा बेस थे। जिसमें उसके पास करीब 20 कम्पनियों के डेटा बेस का संग्रहण था जो उसके द्वारा कई जगहों से अवैध तरीके से हासिल किया हुआ था। उस डेटा का उपयोग ठगी के इस गोरख धंधे में इकराम एवं अन्य साथियों ने काम में लिया तथा पूरे भारत वर्ष में कई लोगों से ठगी की जो इंश्योरेंस, एटीएम, शेयर मार्केट, बैंकिंग सेवा आदि का बहाना बनाकर लोगों के साथ छल किया है।
डीसीपी क्राइम के मुताबिक साइबर गैंग को डेटा उपलब्ध करवाने के आरोप में सुनील कुमार द्वारा व अन्य व्यक्तियों द्वारा उपलब्ध करवाया गया। पूछताछ में सामने आया कि सुनील कुमार ने जयपुर में ट्रेवल एजेंसी के नाम से ठगी की वारदातें भी की है। इन मुूकदमों में वह पिछले वर्ष अशोक नगर एवं ज्योति नगर थाने में गिरफ्तार होकर जेल जा चुका है।