दिन दहाड़े 64 लाख की लूट के मामले में अब नया मोड़ आ गया है। अब तक कर्मचारियों को संदिग्ध मान रही पुलिस बैकफुट पर आ गई है।
दरअसल, अजमेर में गत दिनों हुई 64 लाख की लूट में पुलिस बैंक से रुपए ले जाने वाले कर्मचारियों को ही संदिग्ध मान रही थी। अब कर्मचारियों पर आरोप सिद्ध नहीं हुआ तो मंगलवार को जिला पुलिस अधीक्षक राजेन्द्र सिंह ने लूटेरों पर पांच हजार रुपए का इनाम घोषित कर दिया।
अजमेर के क्रिश्चयनगंज थाना क्षेत्र के बजरंगगढ़ चौराहे के पास 19 जुलाई को दिनदहाड़े लूट की वारदात हुई थी। इसमें दो बाईक सवार युवकों ने बैंक के एटीएम में रुपए डालने वाले प्राईवेट कम्पनी के दो कर्मचारियों से रुपए का बैग छीन लिया था और फरार हो गए। उक्त मामले में पुलिस अब तक कम्पनी के कर्मचारियों को ही संदिग्ध मान रही थी। जब दोनों से सख्ती से पूछताछ कर ली और घटना वाले दिन छुट्टी पर रहने वाले बख्तर बंद गाड़ी के ड्राईवर का भी हाथ होना सामने नहीं आया तो पुलिस ने जांच की दिशा बदली है।
वहीं जिला पुलिस अधीक्षक राजेन्द्र सिंह ने उक्त बदमाशों की सीसीटीवी में आई फोटो के साथ पांच हजार रुपए के इनाम की भी घोषणा की है। आरोपियों के पास हीरो होण्डा मोटरसाईकिल थी और गाड़ी चलाने वाला व्यक्ति गठीले कद का था।