नोटबंदी के बाद दिसंबर में पहली सैलरी आने वाली है। लेकिन नोटबंदी के बाद कई सेक्टर्स में काम कर रहे कर्मचारियों को सैलरी मिलने में परेशानी हो सकती है। हालांकि आरबीआई से जुड़े सूत्रों का कहना है कि सैलरी का समय पास आने के साथ ही आरबीआई ने तैयारी कर ली है।
गौरतलब है कि हर माह के पहले हफ्ते एटीएम में दोगुना भीड़ होती है,नोटबंदी के कारण पहले से ही लंबी-लंबी कतारें लगी हुई हैं ऐसे में अगले हफ्ते भीड़ बढ़ना तय है। जानकारों की माने तो सबसे अधिक परेशानी एसएमई कैटेगिरी की कंपनियों के साथ-साथ अनऑर्गेनाइज्ड सेक्टर में काम कर रहे कर्मचारियों को आ सकती है।
बड़ी-बड़ी कंपनियों में भी सैलरी के एक पार्ट को लेकर दिक्कत हो सकती है। इस वजह से सभी कंपनियां सैलरी के तरीके में बदलाव करने की रणनीति में जुटी हैं। कंपनी मैनेजमेंट में इन दिनों इस पर विचार विमर्श चल रहा है।