फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कर्नाटक: क्या फिर तूल पकड़ेंगी मुख्यमंत्री बदलने की अटकलें, शिवकुमार-प्रियंका गांधी की मुलाकात के क्या मायने?

Wed, 09 Jul 2025 05:10 PM IST
अभिषेक दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू

सार

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने हाल ही में कहा था कि पार्टी के सामने कर्नाटक सरकार में तत्काल फेरबदल का कोई प्रस्ताव नहीं है। अगर ऐसा कोई फैसला लिया जाता है तो सभी को बताया जाएगा। 
विज्ञापन
कर्नाटक के उप मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार - फोटो : एएनआई (फाइल)
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने बुधवार को राज्य में कांग्रेस के नेतृत्व वाली सरकार में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि फिलहाल मंत्रिमंडल में बदलाव की कोई योजना नहीं है। शिवकुमार ने संवाददाताओं से कहा, 'मंत्रिमंडल में कोई फेरबदल की संभावना नहीं है। मैं और मुख्यमंत्री राज्य के विभिन्न मुद्दों पर चर्चा के लिए केंद्रीय मंत्रियों से मिल रहे हैं।'

विज्ञापन


राज्य में कांग्रेस सरकार के ढाई साल पूरे होने के बाद उनके मुख्यमंत्री बनने की अटकलों के बारे में पूछे जाने पर शिवकुमार ने इसे मीडिया की अटकलें बताया और साफ किया कि ऐसी कोई योजना नहीं है। 2023 के विधानसभा चुनावों में पार्टी की जीत के बाद शिवकुमार और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बीच बारी-बारी से मुख्यमंत्री पद की व्यवस्था की खबरों को लेकर कर्नाटक कांग्रेस पर अक्सर सवाल उठते रहते हैं। हालांकि, दोनों नेताओं ने सार्वजनिक रूप से इस तरह के किसी भी औपचारिक समझौते से इनकार किया है, लेकिन पार्टी हलकों में अटकलें जारी हैं।

प्रियंका से मुलाकात ने फिर अटकलों को दी हवा
इस बीच कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा से उनके आवास पर मुलाकात की। इसके बाद से एक बार फिर राज्य में नेतृत्व परिवर्तन की अटकलों को बल मिला। मुलाकात ऐसी खबरों के बीच हुई है कि शिवकुमार पार्टी के भीतर एक समझौते के आधार पर मुख्यमंत्री पद के लिए दबाव बना रहे हैं कि वह मौजूदा कार्यकाल के ढाई साल बाद यह पद संभालेंगे। हालांकि, शिवकुमार ने इस चर्चा के विवरण के बारे में कुछ नहीं बताया। उन्होंने बस इतना कहा, 'मैं वहां गया था।'
विज्ञापन


आंतरिक चर्चा तेज होने की उम्मीद
कर्नाटक में कांग्रेस की सत्ता में वापसी में अहम भूमिका निभाने वाले उपमुख्यमंत्री को मुख्यमंत्री पद का एक प्रमुख दावेदार माना जा रहा है। यह बैठक इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि कर्नाटक में कांग्रेस सरकार अपने पांच वर्ष के कार्यकाल के आधे पड़ाव पर पहुंच रही है। आने वाले महीनों में नेतृत्व की भूमिकाओं के बारे में आंतरिक चर्चा तेज होने की उम्मीद है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें