आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के लोगों और आंदोलनकारी पटेल समुदाय को आरक्षण देने के गुजरात सरकार के फैसले पर हाईकोर्ट द्वारा लगाई गई रोक को सुप्रीम कोर्ट ने अगले सोमवार तक बरकरार रखा है।
चीफ जस्टिस टीएस ठाकुर की अध्यक्षता वाली पीठ ने सोमवार को कहा कि इस मामले में विस्तार से सुनवाई की जरूरत है। पीठ 29 अगस्त को इस मामले की सुनवाई करेगी। हाईकोर्ट के फैसले को गुजरात सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। पीठ ने निर्देश दिया है कि अगले आदेश तक कोटे के तहत कोई एडमिशन नहीं होगा।
गुजरात सरकार ने अपनी याचिका में कहा है कि इस अध्यादेश को जारी करने का मकसद सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्धारित की गई अधिकतम 50 फीसदी आरक्षण देने से इतर नहीं है। 4 अगस्त को हाईकोर्ट ने सरकार की अधिसूचना को निरस्त कर दिया था, लेकिन आदेश को प्रभावी बनाने के लिए दो हफ्ते का समय दिया था। इस दौरान सरकार को सुप्रीम कोर्ट में अपील करने की छूट दी थी।