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'यूपीआई टैक्स वापस लीजिए': राहुल गांधी ने इंदिरा का नाम लेकर पीएम मोदी पर साधा निशाना, ट्रंप से क्यों जोड़ा?

Wed, 16 Sep 2026 03:34 PM IST
हिमांशु सिंह चंदेल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

यूपीआई से 2000 रुपये से अधिक के कारोबारी भुगतान पर 15 अक्तूबर से 0.4 प्रतिशत शुल्क लगाने के सरकार के फैसले पर राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी को घेरा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप के सामने झुककर अमेरिका को बड़ी रकम दे रहे हैं। कांग्रेस ने भी इसे अमेरिकी दबाव से जोड़ा है। आखिर यूपीआई शुल्क लगाने के फैसले की असली वजह क्या है और क्या सरकार इसे वापस लेगी? राहुल गांधी ने इसे मामले को ट्रंप से क्यों जोड़ा?
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राहुल गांधी, कांग्रेस नेता - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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यूपीआई भुगतान पर शुल्क लगाने के सरकार के फैसले को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा हमला बोला है। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने झुकने और अमेरिका को बड़ी रकम देने का फैसला कर लिया है। उन्होंने सरकार से यूपीआई पर लगाए गए शुल्क को तुरंत वापस लेने की मांग की। राहुल गांधी ने अपने बयान में सरकार की इस नीति को आम भारतीयों से जोड़ते हुए सवाल उठाया कि यूपीआई जैसी रोजमर्रा की डिजिटल भुगतान व्यवस्था पर शुल्क लगाने की जरूरत क्यों पड़ी।

यूपीआई पर कितना शुल्क लगाया गया है?

सरकार ने मंगलवार को यूपीआई के जरिए कारोबारियों को किए जाने वाले 2000 रुपये से अधिक के भुगतान पर 15 अक्तूबर से 0.4 प्रतिशत शुल्क लगाने का फैसला किया है। हालांकि, इसमें आम लोगों के बीच होने वाले एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति के लेनदेन को शुल्क से बाहर रखा गया है। इसी तरह छोटे भुगतान पर भी कोई शुल्क नहीं लगाया जाएगा। यानी सरकार के फैसले का दायरा मुख्य रूप से कारोबारियों को किए जाने वाले 2,000 रुपये से अधिक के यूपीआई भुगतान तक सीमित है। इसके बावजूद कांग्रेस ने इस फैसले को लेकर सरकार पर हमला तेज कर दिया है।
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इंदिरा गांधी का लेकर क्या बोले राहुल गांधी?

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें अमेरिका के सामने झुकना बंद करना चाहिए और मजबूती से खड़ा होना चाहिए। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के एक पुराने बयान का जिक्र करते हुए कहा कि जब उनसे पूछा गया था कि वह बाएं झुकती हैं या दाएं, तो उनका जवाब था कि वह न बाएं झुकती हैं और न दाएं, बल्कि सीधी खड़ी रहती हैं। इसके बाद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी के रुख की तुलना करते हुए कहा कि उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप के सामने पूरी तरह झुकने का फैसला कर लिया है।
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कांग्रेस ने यूपीआई शुल्क को अमेरिका से क्यों जोड़ा?

  • राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि यूपीआई पर शुल्क लगाकर सरकार हर भारतीय पर टैक्स लगा रही है और अमेरिका को बड़ी रकम दे रही है।
  • कांग्रेस ने भी सरकार पर आरोप लगाया है कि उसने अमेरिका की मांग के आगे झुकते हुए यूपीआई पर अब तक लागू शून्य एमडीआर यानी मर्चेंट डिस्काउंट रेट को खत्म करने और भुगतान पर शुल्क लगाने का फैसला किया।
  • कांग्रेस ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए 'एनओटीए' का नया अर्थ भी बताया और इसे नरेंद्र का लगातार ट्रंप तुष्टीकरण बताया। ये कांग्रेस के आरोप हैं और दिए गए इनपुट में सरकार की ओर से इन आरोपों पर कोई जवाब नहीं दिया गया है।

राहुल गांधी ने सरकार से क्या मांग की?

राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी से यूपीआई पर लगाया गया शुल्क तुरंत वापस लेने की मांग की है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि सरकार को यूपीआई टैक्स वापस लेना चाहिए। उनका आरोप है कि इस फैसले से आम भारतीयों पर आर्थिक बोझ डाला जा रहा है और इसके पीछे अमेरिका को बड़ी रकम देने की नीति काम कर रही है। दूसरी ओर, सरकार के फैसले में स्पष्ट किया गया है कि व्यक्ति से व्यक्ति के बीच होने वाले रोजमर्रा के लेनदेन और छोटे भुगतान को किसी शुल्क के दायरे में नहीं रखा गया है।
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राहुल गांधी का यह हमला ऐसे समय में आया है जब यूपीआई देश में डिजिटल भुगतान का एक प्रमुख माध्यम बन चुका है। सरकार के फैसले के मुताबिक 2,000 रुपये से अधिक के कारोबारी यूपीआई भुगतान पर 15 अक्तूबर से 0.4 प्रतिशत शुल्क लागू होगा, जबकि आम व्यक्ति से व्यक्ति के बीच होने वाले लेनदेन और छोटे भुगतान इससे बाहर रहेंगे। कांग्रेस इस फैसले को अमेरिका और ट्रंप के साथ भारत के संबंधों से जोड़कर देख रही है। राहुल गांधी ने इसी आधार पर प्रधानमंत्री से फैसला वापस लेने की मांग की है।
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