पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में कुछ बूथों पर दोबारा मतदान कराया जा रहा है। दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर और मगरहाट पश्चिम सीटों पर सुबह से ही मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं। मतदान केंद्रों के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। लोग शांतिपूर्वक अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने पहुंच रहे हैं।
सुरक्षा और इंतजाम कितने सख्त हैं?
प्रशासन ने इस बार किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए सुरक्षा कड़ी कर दी है। हर बूथ पर केंद्रीय बल और पुलिस की तैनाती की गई है। मतदान केंद्रों के बाहर लंबी कतारें दिख रही हैं, लेकिन व्यवस्था शांतिपूर्ण बनी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि हर वोट की अहमियत है और निष्पक्ष चुनाव कराना उनकी प्राथमिकता है। मतदाता भी इस बार अधिक सतर्क और जागरूक नजर आ रहे हैं।
क्या है दोबारा मतदान की वजह?
चुनाव आयोग ने 29 अप्रैल को हुए दूसरे चरण के मतदान के दौरान कई शिकायतें मिलने के बाद यह बड़ा फैसला लिया था। आयोग को वोट में गड़बड़ी और छेड़छाड़ की शिकायतें मिली थीं। इसके बाद जांच के आधार पर 15 मतदान केंद्रों पर दोबारा वोटिंग कराने का आदेश दिया गया। इनमें 11 बूथ मगरहाट पश्चिम और 4 बूथ डायमंड हार्बर में शामिल हैं। आयोग का कहना है कि मतदाताओं को सही तरीके से वोट देने का मौका मिलना जरूरी है।
टीएमसी ने चुनाव आयोग पर लगाया ये आरोप
भाजपा ने चुनाव आयोग के फैसले का स्वागत किया और कहा कि और भी बूथों पर पुनर्मतदान होना चाहिए। वहीं तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह राज्य को बदनाम करने की साजिश कर रही है। भाजपा नेता अमित मालवीय ने पहले आरोप लगाया था कि कई जगहों पर मतदाताओं को रोका गया। वहीं मध्य प्रदेश के मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि इस बार सख्ती के कारण लोग बिना डर के वोट डाल पाए हैं और बंगाल में बड़ा बदलाव आने वाला है।
क्या हैं चुनाव आयोग का निर्देश?
चुनाव आयोग ने साफ कहा है कि जहां भी गड़बड़ी की शिकायत मिलेगी, वहां सख्त कार्रवाई होगी। आयोग ने निर्देश दिया है कि मतदान वाले इलाकों में व्यापक घोषणा की जाए और उम्मीदवारों को हर जानकारी दी जाए। आयोग का उद्देश्य साफ है कि हर वोट सही तरीके से गिना जाए और लोकतंत्र मजबूत हो।
सुबह से ही मतदाताओं की लगी लंबी कतारें
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के तहत दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर और मगरहाट पश्चिम क्षेत्रों में आज 15 मतदान केंद्रों पर दोबारा वोटिंग हो रही है। डायमंड हार्बर के बगदा जूनियर हाई स्कूल स्थित बूथ नंबर 117 पर सुबह से ही मतदाताओं की लंबी कतारें देखी गईं। पुनर्मतदान 11 बूथ मगरहाट पश्चिम और 4 बूथ डायमंड हार्बर में हो रहा है। मतदान सुबह सात बजे शुरू हुआ है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और लोग शांतिपूर्वक अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं।
दक्षिण 24 परगना में 15 बूथों पर हो रहा पुनर्मतदान
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की दो विधानसभा सीटों पर 15 बूथों में आज दोबारा मतदान हो रहा है। मगरहाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के 11 बूथ और डायमंड हार्बर के 4 बूथ इस पुनर्मतदान में शामिल हैं।
कड़ी सुरक्षा के बीच हो रहा पुनर्मतदान
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में पुनर्मतदान से पहले सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। डायमंड हार्बर के बगदा जूनियर हाई स्कूल स्थित बूथ नंबर 117 पर मॉक पोल की तैयारियां पूरी की जा रही हैं। प्रशासन ने हर बूथ पर सुरक्षा बल तैनात किए हैं ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो और मतदान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जा सके।
डायमंड हार्बर में पुनर्मतदान के बीच बूथ पर लंबी कतारें
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र में पुनर्मतदान के दौरान मतदाताओं का उत्साह साफ दिखाई दे रहा है। हरिदेवपुर प्राइमरी स्कूल स्थित बूथ नंबर 194 पर सुबह से ही लंबी कतारें लगी हुई हैं। लोग धैर्य के साथ अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं और मतदान प्रक्रिया में हिस्सा ले रहे हैं।
डायमंड हार्बर में पुनर्मतदान के बीच मानवता की मिसाल
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र में पुनर्मतदान के दौरान एक भावुक तस्वीर सामने आई। बगदा जूनियर हाई स्कूल स्थित बूथ नंबर 117 पर एक सीआरपीएफ जवान ने लाठी के सहारे चल रहे एक मतदाता की मदद की और उसे सुरक्षित तरीके से मतदान केंद्र तक पहुंचाया।
पुनर्मतदान पर तृणमूल कांग्रेस का भाजपा पर आरोप
पुनर्मतदान को लेकर तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। टीएमसी नेता शशि पांजा ने कहा कि चुनाव आयोग ने हालात को देखते हुए पुनर्मतदान का फैसला लिया, लेकिन इसके पीछे भाजपा की रणनीति थी। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदान के दिन भाजपा ने अन्य दलों को उकसाने की कोशिश की, ताकि कई जगह गड़बड़ी हो और बड़े स्तर पर दोबारा वोटिंग करानी पड़े। पांजा ने कहा कि टीएमसी ने इन उकसावे पर प्रतिक्रिया नहीं दी।
बंगाल चुनाव में कांग्रेस का आरोप, चुनाव आयोग और भाजपा पर साधा निशाना
इस बीच कांग्रेस ने भी चुनाव आयोग और भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। हुगली में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने कहा कि चुनाव आयोग और भाजपा के बीच मिलीभगत साफ नजर आ रही है, जिससे चुनाव प्रक्रिया पर लोगों का भरोसा कमजोर हुआ है। उन्होंने कहा कि एग्जिट पोल के जरिए भाजपा को बढ़त दिखाकर माहौल बनाया जा रहा है, जो एक तरह का प्रचार है और इसका फायदा भाजपा को मिल रहा है। शुभंकर सरकार ने यह भी कहा कि बंगाल के मतदाता समझदार हैं और सही फैसला लेने में सक्षम हैं। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि अंतिम नतीजों का इंतजार करें और लोकतांत्रिक प्रक्रिया का सम्मान करें।
शुभेंदु अधिकारी बोले- और बूथों पर भी होना चाहिए था मतदान
पश्चिम बंगाल में पुनर्मतदान को लेकर भाजपा ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। राज्य के नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी ने मगरहाट पश्चिम में हुए पुनर्मतदान का स्वागत किया, लेकिन साथ ही कहा कि यह प्रक्रिया और बड़े स्तर पर होनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि डायमंड हार्बर और खासकर फलता क्षेत्र के कई बूथों पर भी दोबारा मतदान कराया जाना चाहिए था। अधिकारी के अनुसार, वहां भी गड़बड़ी की शिकायतें सामने आई थीं, जिन्हें नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए था।
सुबह 9 बजे तक 16.23% तक हुआ मतदान
विधानसभा चुनाव के लिए मतदान प्रक्रिया तेजी से जारी है। मतदान केंद्रों पर सुबह से ही मतदाताओं का पहुंचना शुरू हो गया है और शुरुआती घंटों के आधिकारिक मतदान प्रतिशत के आंकड़े सामने आ गए हैं। मगराहाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में सुबह 9 बजे तक 16.68% मतदान दर्ज किया गया है। वहीं, डायमंड हार्बर विधानसभा पर भी लोग सुबह से ही अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। यहां सुबह 9 बजे तक 15.83% वोटिंग हो चुकी है। इन दोनों सीटों का मिलाकर कुल औसत मतदान सुबह 9 बजे तक 16.23% दर्ज किया गया है। मतदाता पूरे उत्साह के साथ पोलिंग बूथ पर पहुंच रहे हैं।
कोलकाता में स्ट्रान्ग रूम पर कड़ी सुरक्षा
पश्चिम बंगाल के कोलकाता स्थित नेताजी इंडोर स्टेडियम को स्ट्रॉन्गरूम में बदल दिया गया है, जहां वोटों की गिनती तक ईवीएम मशीनों को सुरक्षित रखा जाएगा। 4 मई को मतगणना से पहले यहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। स्टेडियम के मुख्य प्रवेश द्वार पर बैरिकेडिंग की गई है और सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है। हर आने-जाने वाले पर नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी न हो।
डायमंड हार्बर में EVM खराब, एक घंटे तक रुकी वोटिंग
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के डायमंड हार्बर में पुनर्मतदान के दौरान ईवीएम खराब होने से करीब एक घंटे तक मतदान बाधित रहा। सुबह सात बजे शुरू हुई वोटिंग के बीच मशीन में खराबी आने से बूथ पर लंबी कतार लग गई और मतदाताओं को इंतजार करना पड़ा। इस दौरान कई वोटरों ने नाराजगी जताई। एक मतदाता ने कहा कि अगर मतदान नहीं हो रहा है तो बूथ बंद कर दिया जाए, ताकि लोग घर लौट सकें। अधिकारियों ने मशीन ठीक करने की कोशिश की और बाद में मतदान प्रक्रिया फिर से शुरू कराई गई।
पुनर्मतदान पर भाजपा का आरोप
कोलकाता में पुनर्मतदान को लेकर भाजपा ने तृणमूल कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। भाजपा सांसद राहुल सिन्हा ने कहा कि जिन बूथों पर दोबारा मतदान हो रहा है, वहां पहले ईवीएम के साथ छेड़छाड़ की गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि ईवीएम के बटन पर टेप लगाया गया था ताकि अन्य दलों को वोट न मिले और फायदा केवल टीएमसी को हो। राहुल सिन्हा ने कहा कि ऐसे बूथों पर पुनर्मतदान होना बिल्कुल सही फैसला है। उन्होंने यह भी कहा कि इस कार्रवाई से चुनाव प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाने में मदद मिलेगी
मतगणना में संविदा कर्मियों की तैनाती पर शुभेंदु ने टीएमसी पर लगाए आरोप
पश्चिम बंगाल में मतगणना प्रक्रिया को लेकर भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी ने तृणमूल कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि पिंगला और दासपुर विधानसभा क्षेत्रों में मतगणना के लिए संविदा और अस्थायी कर्मचारियों को लगाया गया है, जो लोकतंत्र की पारदर्शिता पर सवाल उठाता है। अधिकारी ने कहा कि ईवीएम, वीवीपैट और पोस्टल बैलेट जैसे संवेदनशील काम स्थायी सरकारी कर्मचारियों से ही कराए जाने चाहिए। उन्होंने चुनाव आयोग से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की और सभी नियुक्तियों की जांच कराने की बात कही।
मतगणना कर्मियों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई शुरू
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के बीच मतगणना से जुड़े कर्मचारियों को लेकर मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। तृणमूल कांग्रेस की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई शुरू हो गई है। टीएमसी ने चुनाव आयोग के उस निर्देश को चुनौती दी है, जिसमें मतगणना के लिए केवल केंद्र सरकार और सार्वजनिक उपक्रमों के कर्मचारियों को तैनात करने की बात कही गई है। इस मामले को लेकर राजनीतिक माहौल भी गरमाया हुआ है। अब सभी की नजर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर टिकी है, जो मतगणना की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है।
सुप्रीम कोर्ट में टीएमसी की याचिका का निपटारा, सुप्रीम कोर्ट ने कहा- सर्कुलर में कोई बदलाव नहीं
पश्चिम बंगाल चुनाव की मतगणना से पहले सुप्रीम कोर्ट ने टीएमसी की याचिका का निपटारा कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने भारत निर्वाचन आयोग के उस बयान को रिकॉर्ड पर लिया है, जिसमें आयोग ने 13 अप्रैल के सर्कुलर का पूरी तरह से पालन करने का आश्वासन दिया है। इस सर्कुलर के अनुसार, सोमवार को होने वाली मतगणना के दौरान हर टेबल पर कम से कम एक राज्य सरकार का अधिकारी मौजूद होना अनिवार्य है। चुनाव आयोग के इस आश्वासन के बाद, अदालत ने टीएमसी की उस अर्जी का निपटारा कर दिया, जिसमें हर मतगणना टेबल पर कम से कम एक केंद्रीय अधिकारी को पर्यवेक्षक बनाने के फैसले को चुनौती दी गई थी।
ईवीएम को लेकर संजय राउत का हमला, बोले- ममता आयोग की ‘भ्रष्ट व्यवस्था’ से लड़ रहीं
पश्चिम बंगाल में पुनर्मतदान के बीच शिवसेना (यूबीटी) सांसद संजय राउत ने चुनाव आयोग और ईवीएम को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि देशभर में ईवीएम से छेड़छाड़ की शिकायतें सामने आती रही हैं। राउत ने दावा किया कि महाराष्ट्र और असम में भी ऐसे मामले हुए थे। उन्होंने कहा कि बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ता सतर्क हैं, इसलिए कई जगह पुनर्मतदान हो रहा है। राउत ने यह भी कहा कि ममता बनर्जी और उनकी पार्टी चुनाव आयोग की “भ्रष्ट व्यवस्था” के खिलाफ लड़ रही है।
ईवीएम स्ट्रॉन्गरूम पहुंचीं शशि पांजा, कड़ी सुरक्षा के बीच निगरानी तेज
कोलकाता के नेताजी इंडोर स्टेडियम में बनाए गए ईवीएम स्ट्रॉन्गरूम में तृणमूल कांग्रेस की नेता शशि पांजा पहुंचीं। 4 मई को होने वाली मतगणना से पहले यहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। स्टेडियम के बाहर कई स्तर की बैरिकेडिंग और सुरक्षा बल तैनात हैं। चुनाव आयोग के नियमों के अनुसार उम्मीदवार और उनके एजेंट स्ट्रॉन्गरूम की निगरानी कर सकते हैं। शशि पांजा का यह दौरा ऐसे समय हुआ है जब राज्य में ईवीएम छेड़छाड़ और पुनर्मतदान को लेकर राजनीतिक तनाव बढ़ा हुआ है।
मतगणना में देरी पर टीएमसी ने भाजपा पर लगाए आरोप
पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 के बीच तृणमूल कांग्रेस के सांसद साकेत गोखले ने मतगणना में देरी को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदान और मतगणना के बीच लंबा अंतराल रखना संदिग्ध है। गोखले ने कहा कि ईवीएम डिजिटल होने के बावजूद गिनती शुरू करने में चार दिन से ज्यादा का समय क्यों लिया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि इस देरी से बाजार में गलत एग्जिट पोल के जरिए फायदा उठाया जा सकता है। उन्होंने चुनाव आयोग और सेबी पर भी सवाल उठाते हुए इस पूरे मामले की जांच की मांग की है।
सुबह 11 बजे तक लगभग 37% वोटिंग
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के तहत हो रहे पुनर्मतदान में मतदाताओं का जबरदस्त जोश देखने को मिल रहा है। चुनाव आयोग द्वारा जारी किए गए ताजा आंकड़ों के अनुसार, सुबह 11 बजे तक कुल औसत मतदान 36.99% दर्ज किया गया है।
मगराहाट पश्चिम (142) विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सबसे ज्यादा सक्रिय नजर आ रहे हैं। यहां 11 बजे तक 38.2% मतदान हो चुका है। वहीं, डायमंड हार्बर सीट पर भी लोग बढ़-चढ़कर अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। यहां सुबह 11 बजे तक 35.92% वोटिंग दर्ज की गई है।
फालता में पुनर्मतदान के बीच हंगामा, टीएमसी पर धमकी देने का आरोप
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के फालता इलाके में पुनर्मतदान के दौरान तनाव का माहौल देखने को मिला। स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस के नेता उन्हें धमका रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने सुरक्षा और निष्पक्ष मतदान की मांग उठाई। स्थिति को देखते हुए मौके पर भारी संख्या में सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। पुलिस और केंद्रीय बल हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
बंगाल पुनर्मतदान में दोपहर तक तेज वोटिंग, अब तक 55% से ज्यादा मतदान
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में चल रहे पुनर्मतदान के बीच दोपहर 1 बजे तक मतदान का अच्छा रुझान सामने आया है। मगरहाट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में करीब 56.33 प्रतिशत और डायमंड हार्बर में लगभग 54.6 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। दोनों सीटों को मिलाकर कुल मतदान प्रतिशत 55 फीसदी से ज्यादा रहा। सुबह 7 बजे से शुरू हुई वोटिंग में मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिलीं।
मतगणना से पहले चुनाव आयोग का बड़ा फैसला
पश्चिम बंगाल में सोमवार से शुरू होने वाली मतगणना से पहले, चुनाव आयोग ने शनिवार को राज्य में अतिरिक्त 165 मतगणना पर्यवेक्षकों और 77 पुलिस पर्यवेक्षकों की तैनाती की। चुनाव आयोग ने बताया कि अतिरिक्त मतगणना पर्यवेक्षक प्रत्येक निर्वाचन क्षेत्र में पहले से तैनात 294 पर्यवेक्षकों की सहायता करेंगे, जबकि अतिरिक्त पुलिस पर्यवेक्षक मतगणना केंद्रों के बाहर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करेंगे और कानून-व्यवस्था की निगरानी करेंगे।
अधिकारियों ने बताया कि सामान्यतः मतगणना के दौरान पुलिस पर्यवेक्षकों की तैनाती नहीं की जाती है, लेकिन इस मामले में उन्हें मतगणना केंद्रों में प्रवेश करने की अनुमति नहीं होगी और वे केवल बाहर ही कानून-व्यवस्था संभालेंगे। बंगाल की 294 विधानसभा सीटों के लिए दो चरणों में मतदान 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को हुआ था। परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे।
दोपहर तीन बजे तक 72.43% पुनर्मतदान
पश्चिम बंगाल में पुनः मतदान के तहत दोपहर तीन बजे तक, मगराहट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में लगभग 72.50% और डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र में 72.36% मतदान दर्ज किया गया।
'आपत्तिजनक' स्टेटस लगाने पर कालीघाट पुलिस स्टेशन के प्रभारी निलंबित
कोलकाता पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शनिवार को बताया कि कालीघाट पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी गौतम दास को एक विवादित व्हाट्सएप स्टेटस के चलते निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि गौतम दास की जगह चमेली मुखोपाध्याय को नियुक्त किया गया है। यह घटनाक्रम पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मतगणना से दो दिन पहले हुआ है। यह कार्रवाई टीएमसी द्वारा चुनाव आयोग में दर्ज कराई गई शिकायत के बाद की गई है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि दास ने सेवा नियमों का उल्लंघन करते हुए सोशल मीडिया पर एक "आपत्तिजनक" तस्वीर पोस्ट की थी।
सत्ताधारी पार्टी ने चुनाव आयोग से हस्तक्षेप की मांग की थी, जब उसके प्रदेश उपाध्यक्ष जॉयप्रकाश मजूमदार ने फेसबुक पर अधिकारी की वर्दी में हथियार पकड़े हुए एक तस्वीर साझा की थी। तस्वीर के साथ कथित तौर पर कैप्शन था, 'नई जिम्मेदारी के लिए तैयार।' इस पोस्ट को अनुचित बताते हुए मजूमदार ने कहा, 'यह तस्वीर न केवल असहज करने वाली है, बल्कि कानून की दृष्टि से भी आपत्तिजनक है। इसमें साफ तौर पर दिख रहा है कि वह किसी पर आधुनिक हथियार ताने हुए हैं।' मजूमदार ने आगे आरोप लगाया कि इस पोस्ट ने कोलकाता पुलिस के सोशल मीडिया दिशानिर्देशों के साथ-साथ केंद्र सरकार के निर्देशों का भी उल्लंघन किया है।
उन्होंने कहा, 'ड्यूटी पर तैनात किसी भी पुलिस अधिकारी को वर्दी में तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट करने की अनुमति नहीं है। धमकी भरे या भड़काऊ कैप्शन या तस्वीरें पोस्ट करना सख्त वर्जित है।' अपनी शिकायत में मजूमदार ने यह सवाल भी उठाया कि क्या तस्वीर में दिख रहा हथियार अधिकारी को आधिकारिक तौर पर आवंटित किया गया था और क्या उसे इसका इस्तेमाल करने का अधिकार या प्रशिक्षण प्राप्त था। उन्होंने आगे कहा, 'ऐसी पोस्ट को आम जनता के लिए खतरा माना जा सकता है,' और सख्त कार्रवाई और जांच की मांग की।
टीएमसी सूत्रों ने बताया कि इस मुद्दे को उजागर करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार, राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल और कोलकाता पुलिस आयुक्त अजय नंदा को पत्र भेजे गए हैं। चुनाव आयोग ने दूसरे चरण के मतदान से पहले कालीघाट के कार्यवाहक का तबादला कर दिया था और दास ने उत्पल घोष की जगह लेने के बाद लगभग एक महीने पहले ही पदभार संभाला था।
शाम पांच बजे तक 86.90% पुनर्मतदान
पश्चिम बंगाल में पुनः मतदान के तहत शाम पांच बजे तक, मगराहट पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में लगभग 86.11% और डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र में 87.60% मतदान दर्ज किया गया।
मतगणना से पहले ममता और अभिषेक ने एजेंटों के साथ की बैठक
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने शनिवार को मतगणना एजेंटों के साथ बैठक में कहा कि मतगणना शुरू होने से दो दिन पहले पार्टी 294 विधानसभा सीटों में से 200 से अधिक सीटें जीतेगी। दोनों नेताओं ने 291 विधानसभा सीटों के मतगणना एजेंटों के साथ वर्चुअल बैठक की और उन्हें यह भी निर्देश दिया कि वे मतगणना केंद्रों की मौजूदा स्थिति के बारे में नेतृत्व को नियमित रूप से जानकारी देते रहें और मतगणना पूरी होने तक वहीं मौजूद रहें। अनीत थापा के नेतृत्व वाली भारतीय गोरखा प्रजातांत्रिक मोर्चा (बीजीपीएम) ने दार्जिलिंग पहाड़ियों की शेष तीन सीटों पर चुनाव लड़ा। विधानसभा चुनाव दो चरणों में 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को हुए थे, और मतगणना 4 मई को होनी है।
पुनर्मतदान में 90.61 प्रतिशत हुई वोटिंग
पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की दो विधानसभा सीटों के 15 मतदान केंद्रों पर शनिवार को शांतिपूर्ण ढंग से मतदान संपन्न हुआ, जिसमें अंतिम औसत मतदान 90.61 प्रतिशत दर्ज किया गया। यह जानकारी पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) मनोज कुमार अग्रवाल ने दी। मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ और शाम 6 बजे समाप्त हुआ। किसी भी मतदान केंद्र से हिंसा, व्यवधान या तनाव की कोई सूचना नहीं मिली।
सभी 15 मतदान केंद्रों पर कुल औसत मतदान प्रतिशत 90.61 प्रतिशत रहा, जबकि मगराहट (पश्चिम) विधानसभा क्षेत्र के 11 मतदान केंद्रों पर औसत मतदान 89.29 प्रतिशत दर्ज किया गया। तुलनात्मक रूप से डायमंड हार्बर विधानसभा क्षेत्र के चार मतदान केंद्रों पर औसत मतदान 91.77 प्रतिशत रहा, जो कि अधिक है। केंद्रीय बलों की व्यापक सुरक्षा व्यवस्था और राज्य पुलिस कर्मियों की सहायता से पुनर्मतदान कराया गया और मतदान संबंधी किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की कोई शिकायत दर्ज नहीं की गई। मगरहट (पश्चिम) में बूथ संख्या 46, 126, 127, 128, 142, 214, 215, 216, 230, 231 और 232 पर तथा डायमंड हार्बर में बूथ संख्या 117, 179, 194 और 243 पर पुनर्मतदान हुआ।