पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की हार के बाद पार्टी नेताओं में असंतुष्टि देखी जा रही है। अब भाजपा नेता मुकुल रॉय के बेटे शुभ्रांशु रॉय के एक फेसबुक पोस्ट को लेकर तरह-तरह के कयास लगने शुरू हो गए हैं। शुभ्रांशु ने कहा कि पार्टी ममता सरकार की आलोचना बंद करे, आत्मनिरीक्षण करे।
भाजपा नेता मुकुल रॉय के बेटे शुभ्रांशु रॉय ने शनिवार रात एक फेसबुक पोस्ट लिखी। इसमें कहा कि जनता का समर्थन प्राप्त करके आई सरकार की आलोचना करने से पहले खुद का आत्मनिरीक्षण करने की जरूरत है। चुनी गई सरकार की आलोचना बंद करें और आत्मनिरीक्षण करें।
बता दें कि शुभ्रांशु रॉय ने वर्ष 2019 में तृणमूल कांग्रेस को छोड़कर भाजपा का दामन थामा था। हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में उन्होंने भाजपा की टिकट पर बिजपुर विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा था, लेकिन हार का सामना करना पड़ा।
हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चक्रवाती तूफान यास की तबाही का जायजा लेने बंगाल पहुंचे थे, जहां राज्य में उन्होंने समीक्षा बैठक भी की। इस बैठक में राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी 30 मिनट की देरी से पहुंचीं थीं और 20 हजार करोड़ रुपये की सहायता राशि की मांग वाली लिस्ट पीएम को थमाकर निकल गईं। इसको लेकर भाजपा नेताओं ने ममता को जमकर घेरा। इसके बाद ममता बनर्जी ने भी अपनी सफाई दी।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि ऐसा कहीं जरूरी नहीं है कि एक मुख्यमंत्री हर बार प्रधानमंत्री को रिसीव करने पहुंचे। प्रधानमंत्री को इंतजार कराने वाले मामले पर ममता ने कहा है कि उन्हें खुद वहां (पीएम की मीटिंग में) इंतजार करना पड़ा। ममता बनर्जी ने बताया कि हम सागर पहुंचे तो हमें सूचना मिली कि हमें 20 मिनट और इंतजार करना होगा क्योंकि पीएम मोदी का हेलिकॉप्टर उतरना बाकी था। वे हमारे शेड्यूल से वाकिफ थे, फिर भी हमें इंतजार करवाया। हमने हेलीपैड पर उनका इंतजार किया।
इस घटना के बाद से ही भाजपा ने बंगाल की मुख्यमंत्री को घेरना शुरू कर दिया है। भाजपा ने कहा है कि ममता ने प्रधानमंत्री पद की गरिमा का अपमान किया है और संघीय मॉडल को दरकिनार कर संविधान के खिलाफ काम किया है।