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BJP vs TMC In Bengal: टीएमसी में फूट के बीच बंगाल में भाजपा का प्रदर्शन, संदीपन साहा के खिलाफ मार्च निकाला

Thu, 04 Jun 2026 11:20 AM IST
Devesh Tripathi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

पश्चिम बंगाल में टीएमसी के 58 विधायकों की बगावत के बाद से राज्य में बड़ी सियासी उथल-पुथल मची हुई है। इस बीच भाजपा ने बागी विधायकों का नेतृत्व करने वालों में से एक टीएमसी नेता संदीपन साहा के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन किया। भाजपा नेता प्रियंका टिबरेवाल ने संदीपन साहा और उनके पिता पर लोगों की भूमि हड़पने और वसूली के आरोप लगाए।
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बंगाल में टीएमसी के खिलाफ भाजपा का प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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भाजपा नेता प्रियंका टिबरेवाल ने गुरुवार को कोलकाता के एंटाली इलाके में निष्कासित तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) नेता संदीपन साहा के आवास के बाहर विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व किया। उन्होंने विधायक और उनके पिता टीएमसी नेता स्वर्ण कमल साहा पर भूमि हड़पने और वसूली का आरोप लगाया।

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प्रदर्शनकारियों द्वारा संदीपन साहा और उनके पिता की तस्वीरों वाले दो गधों को साथ लाने से विरोध ने सबका ध्यान खींचा। टिबरेवाल ने कहा कि यह प्रतीकात्मक इशारा दोनों नेताओं द्वारा आम लोगों के शोषण को उजागर करने के लिए था।

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भाजपा ने गधों से की संदीपन साहा की तुलना 
प्रियंका टिबरेवाल ने कहा, "जनता द्वारा लाए गए ये गधे यह दिखाने के लिए हैं कि तृणमूल में दो गधे थे, संदीपन साहा और स्वर्ण कमल साहा। उन गधों ने जनता का पैसा लूटा है। अब उन्हें जवाब देना चाहिए कि उन्होंने क्यों लूटा।" भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि पिता-पुत्र की जोड़ी ने आम नागरिकों की जबरन जमीनें कब्जाईं और वसूली की गतिविधियों में शामिल रहे। इन आरोपों पर संदीप न साहा या टीएमसी की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई।

टीएमसी में सियासी उथल-पुथल पर क्या बोलीं टिबरेवाल?
टिबरेवाल ने तृणमूल कांग्रेस में पार्टी विधायकों के एक वर्ग द्वारा बगावत के बाद चल रही राजनीतिक उथल-पुथल पर भी टिप्पणी की। उन्होंने निष्कासित नेता ऋतब्रत बनर्जी के पक्ष में एमएलए के एक नए समूह के उभरने पर कहा, "ऐसा होना ही था। जहां एक पार्टी चोरों को लेकर बनती है, वहां ऐसा ही होगा।"

उनकी टिप्पणियां टीएमसी के गहरे आंतरिक संकट के बीच आईं, जहां 58 विधायकों का समर्थन करने वाला एक विद्रोही गुट विधानसभा अध्यक्ष रथींंद्र बोस से मान्यता की मांग कर रहा है। इस समूह ने ऋतब्रत बनर्जी को नेता प्रतिपक्ष और संदीपन साहा को मुख्य सचेतक प्रस्तावित किया है, जो दल-बदल विरोधी प्रावधानों के तहत औपचारिक विभाजन का मार्ग प्रशस्त कर सकता है।

अभिषेक बनर्जी पर भी साधा निशाना
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा 15 जून की पेशी के लिए जारी समन पर टिबरेवाल ने कहा, "जिन लोगों ने चोरी की है, उन्हें जनता को जवाब देना होगा।" उन्होंने पूर्व टीएमसी विधायक शौकत मोल्ला पर बम विस्फोट मामले के संबंध में हाल ही में हुई राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की छापेमारी का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा, "इन लोगों ने वहां ऐसा माहौल फैलाया था। अब जब भाजपा की सरकार बन गई है, तो यह सब नहीं चलेगा।"

टीएमसी ने भंग की सभी समितियां
इस बीच टीएमसी ने पश्चिम बंगाल में अपनी सभी समितियों और अग्रिम संगठनों को भंग कर दिया है, जिसका कारण चुनावी हार के बाद एक व्यापक संगठनात्मक समीक्षा और पुनर्गठन अभ्यास बताया गया है।
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मंत्री तापस रॉय ने एनआईए की कार्रवाई पर क्या कहा?
पश्चिम बंगाल के मंत्री तापस रॉय ने टीएमसी के पूर्व विधायक शौकत मोल्ला के खिलाफ एनआईए की कार्रवाई का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि किसी भी मामले से जुड़े व्यक्ति को जांच में सहयोग करना और एजेंसी द्वारा बुलाए जाने पर उसके समक्ष पेश होना जरूरी है। एनआईए की एक टीम ने गुरुवार को पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के भांगर के दक्षिण बामुनिया क्षेत्र में टीएमसी नेता शौकत मोल्ला के आवास पर तलाशी और पूछताछ अभियान चलाया। यह कार्रवाई पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से कुछ दिन पहले हुए बम विस्फोट की जांच से जुड़ी है, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी।

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