पश्चिम बंगाल की चुनावी जंग में बयानबाजी और भी तेज होती जा रही है। मंगलवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बारासात में एक रैली के दौरान कहा कि हम बंगाल को गुजरात नहीं बनने देंगे; बंगाल गुजरात नहीं बन सकता। मुझे रोकने का कोई फायदा नहीं है।
उन्होंने खुद को स्ट्रीट फाइटर बताते हुए कहा कि मैं एक स्ट्रीट फाइटर हूं। मैं युद्ध के मैदान में लड़ूंगी। बता दें कि बंगाल में 17 अप्रैल को विधानसभा चुनाव के पांचवें चरण के मतदान से पहले ममता बनर्जी ने एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला है।
चुनाव आयोग द्वारा प्रचार पर 24 घंटे की पाबंदी मंगलवार रात 8 बजे खत्म होते ही ममता बनर्जी ने रैली में कहा कि मुझे हर कीमत पर प्रचार करने से रोकने की कोशिश हो रही है। भाजपा प्रचार कर सकती है, लेकिन मैं नहीं कर सकती। बंगाल के लोग इसका जवाब देंगे।
ममता बनर्जी ने दी पीएम मोदी को चुनौती
ममता बनर्जी ने बारासात में कहा कि मैंने सभी से एकजुट होकर मतदान करने की अपील करके क्या गलती की थी? मुझे हिंदू, मुसलमान, सिख, ईसाई, माताएं, बहनें, छात्र और युवा, सभी के वोट चाहिए। ममता ने कहा, 'नरेंद्र मोदी ने कृष्णानगर में एक बैठक में कहा था कि ममता दीदी ने माटुआ समुदाय के लिए कुछ नहीं किया। मैं सार्वजनिक रूप से उन्हें चुनौती देती हूं कि यदि मैंने उनके लिए कुछ नहीं किया तो मैं राजनीति छोड़ दूंगी और अगर आप झूठ बोल रहे हैं तो आप कान पकड़ कर उठक बैठक करेंगे।'
आयोग की पाबंदी के खिलाफ दिया धरना
इससे पहले ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग द्वारा उनके प्रचार करने पर लगाई गई 24 घंटे की पाबंदी के खिलाफ कोलकाता में धरना दिया। वह करीब तीन घंटे धरने पर बैठीं। आयोग ने उन पर प्रतिबंध की कार्रवाई उनके हिन्दू-मुस्लिम वाले बयान पर की थी।
पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनाव के प्रचार में ममता बनर्जी ने मुस्लिम वोट को लेकर बयान दिया था। आठ अप्रैल को हुगली में ममता बनर्जी ने चुनावी जनसभा के दौरान मुस्लिम वोटों को नहीं बंटने देने की बात कही थी। इसी पर चुनाव आयोग ने उन पर 12 अप्रैल रात 8 बजे से 13 अप्रैल रात 8 बजे तक चुनाव प्रचार में हिस्सा लेने पर रोक लगाई थी।