पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले चुनाव आयोग ने प्रदेश के डीजीपी वीरेंद्र का तबादला कर दिया है। अब उनकी जगह आईपीएस पी नीरजनयन को नियुक्त किया गया है। वीरेंद्र को सुरक्षा और सतर्कता विभाग में सलाहकार के पद पर नियुक्त किया गया है। वहीं अजय मुकुंद रानाडे को इस पद से मुक्त कर दिया गया है। चुनाव आयोग का यह कदम आगामी मतदान के मद्देनजर बेहद महत्वपूर्ण है। चुनाव आयोग की तरफ से साफ निर्देश दिया गया है कि डीजीपी वीरेंद्र को चुनावों से जुड़े किसी भी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष कार्य की जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी।
चुनाव आयोग ने अपने आदेश में कहा है कि राज्य में चुनावी तैयारियों की स्थिति की समीक्षा के बाद ही इस तरह के फैसले लिए गए हैं। बता दें कि डीजीपी वीरेंद्र 1985 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं वहीं नीरजनयन 1987 बैच के हैं।
पश्चिम बंगाल में आठ चरणों में मतदान
बता दें कि पश्चिम बंगाल में आठ चरणों में मतदान होने जा रहा है। 27 मार्च को पहले चरण का मतदान होगा। एक अप्रैल को दूसरे चरण का मतदान, छह अप्रैल को तीसरे चरण का, 10 अप्रैल को चौथे फेज का मतदान, 17 अप्रैल को पांचवे फेज का मतदान, 22 अप्रैल को छठे चरण का मतदान, 26 अप्रैल को सातवें चरण का मतदान और 29 अप्रैल को आखिरी चरण का मतदान और दो मई को परिणाम आएंगे।