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पश्चिम एशिया संकट: भारतीय नाविकों की सुरक्षा के लिए क्या कर रही सरकार? MEA ने दी जानकारी; जानें और क्या कहा

Mon, 30 Mar 2026 04:44 PM IST
Devesh Tripathi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में विकसित हो रही स्थिति की विदेश मंत्रालय द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। असीम महाजन ने कहा कि क्षेत्र में रहने वाले बड़े भारतीय समुदाय की सुरक्षा, संरक्षा और कल्याण सर्वोच्च प्राथमिकता है। भारतीय नागरिकों और उनके परिवारों की सहायता के लिए एक समर्पित विशेष नियंत्रण कक्ष 24x7 संचालित हो रहा है। 
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विदेश मंत्रालय के खाड़ी मामलों के अतिरिक्त सचिव असीम महाजन - फोटो : ANI
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विस्तार
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पश्चिम एशिया में जारी संकट के बीच भारत सरकार ने क्षेत्र में मौजूद भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और सहायता को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया है। विदेश मंत्रालय में खाड़ी मामलों के अतिरिक्त सचिव असीम महाजन ने कहा कि भारतीय नाविकों और अन्य नागरिकों के कल्याण के लिए भारतीय मिशन लगातार संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर कांसुलर सहायता, परिवारों से संपर्क और वापसी की व्यवस्था की जा रही है।
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असीम महाजन ने सोमवार को इस बात पर जोर दिया है कि सरकार संकटग्रस्त क्षेत्रों में फंसे भारतीयों, विशेष रूप से भारतीय नाविकों की सहायता को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने बताया कि उनके स्वदेश लौटने के अनुरोधों पर कार्रवाई की जा रही है।

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24 घंटों में लौटे आठ भारतीय नाविक
बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने एक संयुक्त अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग में बोलते हुए कहा कि सभी भारतीय जहाजों और चालक दल पर वर्तमान में कड़ी निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने बताया कि पिछले 24 घंटों में आठ नाविक सुरक्षित रूप से भारत लौट आए हैं। सिन्हा ने कहा, " फारस की खाड़ी में मौजूद 18 भारतीय जहाज और उन पर सवार 485 नाविक सुरक्षित हैं।"

खाड़ी देशों से कैसे निकाले जा रहे भारतीय नागरिक?
उन्होंने बताया कि क्षेत्र से भारत के लिए उड़ानों की स्थिति धीरे-धीरे सुधर रही है। संयुक्त अरब अमीरात से भारत के लिए करीब 85 उड़ानों के संचालन की उम्मीद है, जबकि कतर से भी सीमित उड़ानें संचालित हो रही हैं। सऊदी अरब और ओमान के विभिन्न हवाई अड्डों से भी उड़ानें जारी हैं। हालांकि, कुवैत और बहरीन का हवाई क्षेत्र अभी बंद है, जिसके चलते वैकल्पिक मार्गों से यात्रियों की आवाजाही सुनिश्चित की जा रही है।

विभिन्न देशों में हवाई क्षेत्र प्रतिबंधों और अन्य बाधाओं के कारण, भारत सरकार ईरान से आर्मेनिया और अजरबैजान के माध्यम से, इस्राइल, मिस्र और जॉर्डन से सीधे, इराक से जॉर्डन और सऊदी अरब के माध्यम से, और कुवैत व बहरीन से सऊदी अरब के माध्यम से भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित कर रही है।

कुवैत में मारे गए भारतीय नागरिक के मामले में जताया दुख
विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया कि दुर्भाग्यवश पश्चिम एशिया में उत्पन्न हुई अप्रिय घटनाओं में आठ भारतीय नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। हाल ही में कुवैत में एक भारतीय नागरिक की हमले में मृत्यु हो गई। विदेश मंत्रालय ने मृतक के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कुवैत स्थित भारतीय मिशन स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर आवश्यक सहायता प्रदान करने और पार्थिव शरीर को शीघ्र भारत वापस लाने के लिए समन्वय कर रहा है। 

सीबीएसई की परीक्षाएं रद्द होने पर भी की बात
महाजन ने कहा कि खाड़ी देशों में भारतीय छात्रों के शैक्षणिक भविष्य को लेकर भी सरकार गंभीर है। मंत्रालय यह सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है कि छात्रों के शैक्षणिक वर्ष पर संकट का कोई प्रभाव न पड़े। भारतीय मिशन स्थानीय अधिकारियों, भारतीय स्कूलों, संबंधित शिक्षा बोर्डों और राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसियों के साथ नियमित संपर्क में हैं और समन्वय कर रहे हैं।
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने क्षेत्र में कक्षा 10 और 12 के परिणामों की घोषणा के लिए पहले ही एक मूल्यांकन योजना अधिसूचित कर दी है। सीबीएसई, आईसीएसई, केरल बोर्ड, जेईई और नीट परीक्षाओं से संबंधित शैक्षणिक चिंताओं को माता-पिता और छात्रों के साथ नियमित संपर्क के माध्यम से दूर किया जा रहा है।

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