भाजपा महासचिव राम माधव ने कहा है कि पाकिस्तान और बांग्लादेश के प्रताड़ित अल्पसंख्यकों को केंद्र द्वारा शरण देना सांप्रदायिकता है, तो हमें सांप्रदायिक कहलाने में खुशी होगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के 2015 की अधिसूचना के मुताबिक पाकिस्तान और बांग्लादेश के अल्पसंख्यक भारत में शरण ले सकते हैं।
सरकार मानती है कि वहां से आने वाले लोग केवल हिंदू नहीं हैं, बल्कि उनमें सिख, जैनी, क्रिश्चियन और अहमदिया आदि भी हैं।
राम माधव ने शनिवार को एक कार्यक्रम में कहा कि यदि इन प्रताड़ित अल्पसंख्यकों को शरण देना सांप्रदायिकता है, तो हमें सांप्रदायिक कहलाना मंजूर है।
भाजपा महासचिव ने कहा कि सरकार ने भारत आने वाले अल्पसंख्यकों को बिना पेपर या वीजा अवधि की समाप्ति के बाद भी रहने की पिछले साल मानवीय आधार पर अनुमति दी थी।
अधिसूचना के मुताबिक 31 दिसंबर 2014 से पहले भारत आने वालों को यह छूट दी गई है। उन्होंने कहा कि असम की सीमा को सील किया जाएगा और घुसपैठ पर रोक लगाने के लिए संवैधानिक कदम उठाए जाएंगे।