फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

CBI: UAE से भारत लाया गया वांछित मुस्तफा, विदेश में रहकर महाराष्ट्र में नशीली दवाओं की फैक्टरी चलाने का आरोप

Fri, 11 Jul 2025 10:56 AM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सांगली मेफेड्रोन निर्माण मामले का आरोपी कुब्बावाला मुस्तफा अबूधाबी से भारत लाया गया। सीबीआई ने एनसीबी-अबू धाबी के जरिये उसके खिलाफ रेड नोटिस जारी करवाया था। उस पर विदेश में रहकर  भारत में नशीली दवाओं की फैक्टरी चलाने का आरोप है। 
विज्ञापन
वांछित आरोपी कुब्बावाला मुस्तफा। - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सीबीआई विदेश में रहकर महाराष्ट्र में नशीली दवाओं की फैक्टरी चलाने के वांछित आरोपी को अबूधाबी से वापस लेकर आई है। आरोपी कुब्बावाला मुस्तफा यूएई और दुबई में रहकर भारत में नशे का कारोबार कर रहा था। सीबीआई ने बताया कि नशीली दवाएं बनाने के आरोपी  वांछित कुब्बावाला मुस्तफा को मुंबई पुलिस की चार सदस्यीय टीम के साथ संयुक्त अरब अमीरात से मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर लाया गया।
विज्ञापन

 
सीबीआई की अंतरराष्ट्रीय पुलिस सहयोग इकाई (आईपीसीयू) एनसीबी-अबू धाबी के सहयोग से वांछित रेड नोटिस प्राप्त कुब्बावाला मुस्तफा को सफलतापूर्वक भारत वापस लाई। सांगली में एक सिंथेटिक ड्रग निर्माण फैक्टरी चलाने के आरोप में मुंबई पुलिस को उसकी तलाश थी।

ये भी पढ़ें: केरल में CM पद को लेकर थरूर पहली पसंद, कांग्रेस नेता का तंज- पहले तय करें, वे किस पार्टी में
विज्ञापन


सांगली में कुब्बावाला मुस्तफा की फैक्टरी से 252 करोड़ रुपये मूल्य की कुल 126.141 किलोग्राम मेफेड्रोन ड्रग्स बरामद और जब्त की गई थी। उसके खिलाफ आरोप पत्र दायर किया गया। अदालत ने उसके खिलाफ ओपन डेटेड गिरफ्तारी वारंट जारी किया था।

सीबीआई प्रवक्ता ने कहा कि सीबीआई ने इंटरपोल के माध्यम से एनसीबी-अबू धाबी के साथ मिलकर की गई गहन जांच के बाद मुस्तफा की भौगोलिक स्थिति संयुक्त अरब अमीरात में पाई थी। मुंबई पुलिस के अनुरोध पर सीबीआई ने 25 नवंबर, 2024 को इंटरपोल के माध्यम से रेड नोटिस प्रकाशित करवाया।

एनसीबी-अबू धाबी ने सीबीआई को 19 जून 2025 को बताया कि उनके अधिकारियों ने इस व्यक्ति को भारत वापस लाने के लिए यूएई में एक सुरक्षा मिशन भेजने का अनुरोध किया है। इसके बाद यूएई से आरोपी को वापस लाने के लिए मुंबई पुलिस की एक टीम का गठन किया गया। इससे पहले सीबीआई ने सांगली मेफेड्रोन निर्माण मामले के आरोपी ताहिर सलीम डोला का यूएई से प्रत्यर्पण कराया था। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: बिल बकाया होने पर शव को बंधक नहीं बना सकेंगे अस्पताल और नर्सिंग होम, असम कैबिनेट का बड़ा फैसला

यह होता है मेफेड्रोन
मेफेड्रोन ड्रग को कोड नाम के तहत 'म्याऊं-म्याऊं' कहा जाता है। मेफेड्रोन कोई दवा नहीं, बल्कि पौधों के लिए बनी सिथेंटिक खाद है, लेकिन इसका सेवन करने से हेरोइन और कोकीन से भी ज्यादा नशा होता है। नशे के कारोबारी इसकी खपत के लिए कॉलेजी छात्र-छात्राओं तथा पार्टी में जाने वाले युवाओं को निशाना बनाते हैं। 'म्याऊं-म्याऊं' के सौदागर फेसबुक प्रोफाइल पर ऐसे युवाओं को तलाशते हैं, जो पार्टी या क्लब में जाना पसंद करते हैं। यह ड्रग बहुत ही सस्ता है।  

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें