सुप्रीम कोर्ट ने अयोध्या मामले में रामलला के पक्ष में अपना फैसला गत 9 नवंबर को सुना दिया था। इसके बाद से अयोध्या में राममंदिर बनाने के लिए पैसा इकट्टा किए जाने की खबरें सोशल मीडिया में चलने लगीं। लेकिन यह खबर महज अफवाह है। विश्व हिंदू परिषद ने रविवार को एक प्रेस वक्तव्य जारी कर कहा है कि उसके द्वारा इस तरह का कोई धनसंग्रह नहीं किया जा रहा है।
विश्व हिंदू परिषद के प्रवक्ता विनोद बंसल ने अमर उजाला को बताया कि विश्व हिंदू परिषद इस तरह का कोई फंड इकट्ठा नहीं कर रहा है। उन्होंने कहा कि 1989 से लेकर आज तक विश्व हिंदू परिषद या श्री राम जन्म भूमि न्यास के द्वारा किसी तरह का धन संग्रह नहीं किया गया है। संगठन ने कहा है कि इससे जुड़ी कोई भी घोषणा उसकी तरफ से नहीं की गई है।
दरअसल, सोशल मीडिया पर खबरें चलने लगीं थीं कि राममंदिर निर्माण के लिए सैकड़ों करोड़ रुपये का फंड इकट्ठा कर लिया गया है। कहा जा रहा था कि विदेश में बसे भारतीयों ने भी राममंदिर निर्माण के लिए भारी मात्रा में धन भेजा है। माना जा रहा है कि इन्हीं अफवाहों से लोगों को सचेत करने के लिए विहिप को अपनी तरफ से स्पष्टीकरण जारी करना पड़ा।