अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) से एक खास वीडियो सामने आया है, जिसमें अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री माइक फिंके बिहू नृत्य करते नजर आ रहे हैं। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोगों का ध्यान खींच रहा है। इस वीडियो में माइक फिंके पारंपरिक असमिया गमछा पहनकर बिहू करते दिख रहे हैं, जबकि बैकग्राउंड में बिहू गीत चल रहा है।
Bihu in an International Space Station 🌃🚀👨🚀
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Kudos to astronaut Mike Fincke for this special gesture to Assam’s culture. It’s wonderful to see Bihu going global, especially after the special focus given by Adarniya Shri @narendramodi ji during #BihuBinandia. pic.twitter.com/yKcFwCMdDI
हालांकि, इंटरनेट पर सक्रिय यूजर्स ने जल्द ही इस वीडियो की असलियत उजागर कर दी। एक एक्स (पूर्व में ट्विटर) यूजर ने बताया कि यह वीडियो 2004 का है। उस समय भारत के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई थे।
कौन हैं गमोसा पहनकर बिहू नृत्य करने वाले एस्ट्रोनॉट?
अंतरिक्ष में गमोसा पहनकर बिहू नृत्य करने वाले व्यक्ति नासा के अनुभवी एस्ट्रोनॉट माइक फिंके हैं। वे चार मिशनों में शामिल रह चुके हैं और 549 दिनों से अधिक समय अंतरिक्ष में बिता चुके हैं। फिंके नासा के उन चुनिंदा अंतरिक्ष यात्रियों में शामिल हैं जिन्होंने सबसे ज्यादा समय अंतरिक्ष में बिताया है। उन्होंने स्पेसवॉक भी किया है, स्पेस स्टेशन की मरम्मत में हिस्सा लिया है और कई महत्वपूर्ण मिशनों का अनुभव रखा है।
साल 2004 में, जब वे अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर एक्सपेडिशन 9 मिशन का हिस्सा थे, तब उन्होंने गमोसा पहनकर बिहू नृत्य किया था। अंतरिक्ष स्टेशन पृथ्वी से करीब 400 किलोमीटर ऊपर है और यहां अंतरिक्ष यात्री माइक्रोग्रैविटी में रहते हैं, जहां हर चीज तैरती हुई महसूस होती है। इसी अनोखे माहौल में फिंके ने बिहू संगीत पर नृत्य किया, जो आज भी लोगों को खास और यादगार पल लगता है।
क्या माइक फिंके अभी भी एस्ट्रोनॉट हैं?
हां, माइक फिंके अभी भी नासा के एस्ट्रोनॉट हैं, लेकिन फिलहाल वे अंतरिक्ष में नहीं हैं। रिपोर्ट के अनुसार, वे क्रू-11 मिशन के तहत अगस्त 2025 से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर काम कर रहे थे। लेकिन 7 जनवरी 2026 को एक अचानक मेडिकल स्थिति के कारण उन्हें मिशन से पहले ही वापस लाने का फैसला किया गया। बताया गया कि उस समय वे कुछ देर के लिए बोल नहीं पाए, जिसके बाद नासा की मेडिकल टीम ने तुरंत उनकी स्थिति को संभाला और उन्हें सुरक्षित पृथ्वी पर वापस लाने का निर्णय लिया।
15 जनवरी 2026 को माइक फिंके और उनके साथियों ने प्रशांत महासागर में स्प्लैशडाउन किया और मिशन पूरा होने से पहले ही उनकी वापसी हो गई। फिलहाल वे ठीक हो रहे हैं और अमेरिका के ह्यूस्टन स्थित जॉनसन स्पेस सेंटर में मौजूद हैं।